बारां को बड़ी सौगात: राजस्थान का पहला लहसुन एक्सीलेंस सेंटर बनेगा, किसानों और व्यापारियों को मिलेगा आधुनिक तकनीक का लाभ
राजस्थान के बारां जिले को कृषि क्षेत्र में बड़ी सौगात मिलने जा रही है। राज्य सरकार प्रदेश का पहला लहसुन एक्सीलेंस सेंटर बारां के कवाई क्षेत्र में स्थापित करेगी। करीब 10 हेक्टेयर भूमि पर बनने वाले इस केंद्र के लिए निर्माण कार्य की प्रक्रिया अंतिम चरण में है और 15 अगस्त से पहले करीब 5 करोड़ रुपये के प्रारंभिक कार्यों के टेंडर जारी किए जाने की तैयारी है। यह परियोजना किसानों को आधुनिक खेती, उन्नत किस्मों, प्रोसेसिंग और मार्केटिंग की नई तकनीकों से जोड़ने में अहम भूमिका निभाएगी।
कवाई में बनेगा अत्याधुनिक लहसुन एक्सीलेंस सेंटर
राज्य सरकार ने वर्ष 2025-26 के बजट में बारां में लहसुन एक्सीलेंस सेंटर स्थापित करने की घोषणा की थी। शुरुआत में अटरू क्षेत्र के गोविंदपुरा गांव में भूमि का चयन किया गया था, लेकिन विशेषज्ञों की जांच के बाद उसे उपयुक्त नहीं माना गया। इसके बाद कवाई क्षेत्र में 10 हेक्टेयर भूमि का चयन किया गया, जहां अब इस महत्वाकांक्षी परियोजना का निर्माण होगा। परियोजना का क्रियान्वयन कृषि विपणन बोर्ड द्वारा किया जाएगा, जो निर्माण संबंधी तैयारियों में जुटा हुआ है।
पहले चरण में प्रशासनिक भवन, सड़क और बिजली का काम
परियोजना के प्रथम चरण में करीब 4.17 करोड़ रुपये की लागत से प्रशासनिक भवन और बाउंड्री वॉल का निर्माण किया जाएगा। इसके अलावा लगभग 22 लाख रुपये सड़क निर्माण, 30 लाख रुपये विद्युत कार्य तथा 30 लाख रुपये फर्नीचर पर खर्च किए जाएंगे। कृषि विपणन बोर्ड के अनुसार, करीब 1,400 मीटर लंबी और 6 फीट ऊंची बाउंड्री वॉल भी बनाई जाएगी। टेंडर प्रक्रिया पूरी होने के बाद निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
12 करोड़ की परियोजना से किसानों को मिलेगा सीधा लाभ
पूरे लहसुन एक्सीलेंस सेंटर की अनुमानित लागत करीब 12 करोड़ रुपये है। इसमें राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत लगभग 10 करोड़ रुपये से भवन और अन्य आधारभूत सुविधाएं विकसित की जाएंगी, जबकि पंच गौरव योजना के अंतर्गत करीब 2 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक प्रोसेसिंग यूनिट स्थापित होगी। इस केंद्र में किसानों को उन्नत खेती की तकनीक, नई किस्मों, बेहतर उत्पादन प्रबंधन और फसल की गुणवत्ता सुधारने का प्रशिक्षण मिलेगा। वहीं व्यापारियों को लहसुन की प्रोसेसिंग, वैल्यू एडिशन और आधुनिक मार्केटिंग से जुड़ी जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी।
लहसुन उत्पादन में अग्रणी बारां को मिलेगी नई पहचान
बारां जिला पहले से ही राजस्थान के सबसे बड़े लहसुन उत्पादक क्षेत्रों में शामिल है। उपलब्ध कृषि आंकड़ों के अनुसार, राज्य में औसतन करीब 89,805 हेक्टेयर क्षेत्र में लहसुन की खेती होती है, जबकि बारां अकेले लगभग 30,714 हेक्टेयर क्षेत्रफल के साथ प्रमुख उत्पादक जिला है। जिले में पिछले तीन वर्षों से औसतन 16 लाख क्विंटल लहसुन मंडियों में पहुंच रहा है। ऐसे में एक्सीलेंस सेंटर की स्थापना से किसानों की आय बढ़ाने, उत्पादन की गुणवत्ता सुधारने और कृषि आधारित उद्योगों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। यह परियोजना बारां को लहसुन उत्पादन और प्रोसेसिंग के राष्ट्रीय केंद्र के रूप में नई पहचान दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकती है।
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