कठूमर पंचायत समिति में निलंबित प्रधान संगम चौधरी को लेकर घमासान, सरपंच संघ ने मुख्यमंत्री से की कार्रवाई की मांग
कठूमर (अलवर):
कठूमर पंचायत समिति में निलंबित प्रधान संगम चौधरी को लेकर विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। प्रधान द्वारा कार्यभार ग्रहण न कराए जाने को लेकर कांग्रेस नेताओं के साथ भाजपा सरकार के खिलाफ किए जा रहे धरना-प्रदर्शन के विरोध में देर रात कठूमर पंचायत समिति सरपंच संघ की बैठक आयोजित की गई।
सरपंच संघ ने आरोप लगाया कि निलंबित प्रधान संगम चौधरी द्वारा कांग्रेस नेताओं के साथ मिलकर भाजपा सरकार के विरुद्ध धरना-प्रदर्शन किया जा रहा है, जो पार्टी अनुशासन के खिलाफ है। साथ ही कठूमर विधायक रमेश खींची पर लगाए जा रहे बेबुनियाद आरोपों की सरपंचों ने कड़े शब्दों में निंदा की।
सरपंचों ने बताया कि संगम चौधरी को अरूवा ग्राम पंचायत में सरपंच रहते हुए नियमों के विरुद्ध पट्टे जारी करने के मामले में जांच के बाद निलंबित किया गया था। उनके खिलाफ पंचायत राज अधिनियम की धारा 138 के तहत कार्रवाई की गई थी। इसके अलावा वसूली और दर्ज मुकदमे में अब तक कार्रवाई नहीं होने का मुद्दा भी बैठक में उठाया गया।
सरपंच संघ का आरोप है कि भाजपा की प्रधान होते हुए भी संगम चौधरी ने विधानसभा और लोकसभा चुनावों में कांग्रेस प्रत्याशी का समर्थन किया, जिससे भाजपा को नुकसान हुआ। वहीं प्रधान द्वारा विधायक रमेश खींची पर दुश्मनी और भेदभाव के लगाए जा रहे आरोपों को सरपंच संघ ने पूरी तरह खारिज किया है।
बैठक में उपस्थित सरपंचों ने स्पष्ट किया कि बहाली का हवाला देकर कार्यभार ग्रहण करने की मांग को लेकर किए जा रहे धरने केवल राजनीतिक दबाव बनाने का प्रयास हैं, जिन्हें किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जाएगा।