“मुझे अपमान के घूंट पीने पड़े” — बांग्लादेश राष्ट्रपति का खुलासा, यूनुस सरकार पर गंभीर आरोप; पद छोड़ने के संकेत
बांग्लादेश की राजनीति एक नए मोड़ पर पहुंच गई है। राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन ने खुलकर स्वीकार किया है कि वे अंतरिम प्रधानमंत्री और नोबेल विजेता मुहम्मद यूनुस से मिले अपमान और अधिकार-कटौती के कारण जल्द ही पद छोड़ सकते हैं। संवैधानिक रूप से सर्वोच्च पद पर बैठे व्यक्ति का यह बयान ढाका की सत्ता संरचना में गहरी दरार को उजागर करता है।
🟥 1. चुनाव से पहले इस्तीफे की तैयारी
75 वर्षीय शहाबुद्दीन ने कहा कि फरवरी 2025 में होने वाले आम चुनावों के बाद वे बीच कार्यकाल में ही पद छोड़ना चाहते हैं। उन्होंने रॉयटर्स को दिए इंटरव्यू में साफ कहा —
“मैं इस्तीफा देना चाहता हूं… चुनाव तक रहना मेरी मजबूरी है।”
अवामी लीग के उम्मीदवार के रूप में वे 2023 में निर्विरोध राष्ट्रपति चुने गए थे।
🟥 2. ‘यूनुस सात महीने से मिलने नहीं आए’ — गंभीर आरोप
शहाबुद्दीन ने दावा किया कि अंतरिम पीएम यूनुस लगभग सात महीनों से उनसे मिलने नहीं आए।
इसके अलावा—
- उनका प्रेस विभाग उनसे छीना जा चुका है
- सितंबर में, दुनिया भर के बांग्लादेशी दूतावासों से उनकी सरकारी तस्वीरें हटा दी गईं
- राष्ट्रपति के संवैधानिक महत्व को कमतर दिखाने की कोशिश हुई
उनके मुताबिक—
“एक रात में सभी दूतावासों से मेरी फोटो हट गई… जैसे राष्ट्रपति को हटाया जा रहा हो। मैं बेहद अपमानित महसूस कर रहा हूं।”
🟥 3. हसीना के पलायन के बाद बढ़ी राष्ट्रपति की भूमिका
अगस्त 2024 का छात्र-नेतृत्व वाला विद्रोह प्रधानमंत्री शेख हसीना को दिल्ली भागने पर मजबूर कर गया।
- संसद भंग हुई
- सरकार गिर गई
- संवैधानिक रूप से सत्ता का केंद्र राष्ट्रपति बन गया
इसी दौरान अंतरिम शासन में यूनुस को नेतृत्व सौंपा गया, लेकिन राष्ट्रपति के अनुसार तब से उनके अधिकारों को व्यवस्थित रूप से कमजोर किया गया।
🟥 4. यूनुस कैंप चुप, कोई प्रतिक्रिया नहीं
रॉयटर्स की ओर से यूनुस के प्रेस सलाहकारों से संपर्क किया गया, लेकिन उन्होंने किसी भी आरोप पर टिप्पणी करने से इनकार कर दिया।
यह चुप्पी बढ़ते राजनीतिक तनाव का संकेत मानी जा रही है।
🟥 5. क्या बांग्लादेश सत्ता संघर्ष के नए दौर में प्रवेश कर चुका है?
राष्ट्रपति का इतना खुला और भावनात्मक बयान बताता है कि—
- अंतरिम सरकार में विश्वास की कमी गहरी है
- राष्ट्रपति की संस्थागत भूमिका को कम करने का प्रयास हो रहा है
- भविष्य में सत्ता संतुलन को लेकर संवैधानिक टकराव बढ़ सकता है
विश्लेषकों का कहना है कि यह मामला यूनुस और अवामी लीग खेमे के बीच पुराने राजनीतिक तनाव को भी पुनर्जीवित कर सकता है।
बांग्लादेश में राष्ट्रपति और अंतरिम सरकार के बीच खिंचाव आने वाले चुनावों से पहले एक बड़ी राजनीतिक हलचल का संकेत है। शहाबुद्दीन के आरोप केवल व्यक्तिगत शिकायत नहीं, बल्कि ढाका की उथल-पुथल भरी सत्ता संरचना को आईना दिखाते हैं।