अलवर रोडवेज बस का टायर फटा, चालक की सूझबूझ से टला बड़ा हादसा; 45 यात्री थे सवार
अलवर के सोहनपुर रेलवे पुलिया के पास अलवर आगार की रोडवेज बस का टायर अचानक फट गया। बस में करीब 40 से 45 यात्री सवार थे। पुलिया पर चढ़ने के बाद उतरते समय टायर फटने से बस अनियंत्रित होने की स्थिति बन गई। हालांकि, चालक की सूझबूझ से बस को संभाल लिया गया और बड़ा हादसा टल गया। घटना के बाद यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। यात्रियों का आरोप है कि करीब दो घंटे तक मौके पर कोई वैकल्पिक बस नहीं पहुंची। इसके बाद यात्रियों को निजी वाहनों से लिफ्ट लेकर मालाखेड़ा पहुंचना पड़ा।
सोहनपुर पुलिया से उतरते समय फटा बस का टायर
यात्रियों के अनुसार रोडवेज बस अलवर आगार से करौली के लिए रवाना हुई थी। बस में करीब 40 से 45 यात्री सवार थे।सोहनपुर रेलवे पुलिया पर बस चढ़ने के बाद जैसे ही नीचे उतरने लगी, अचानक एक टायर फट गया। तेज आवाज के साथ टायर फटने से बस का संतुलन बिगड़ने लगा।हालांकि चालक ने तत्काल सूझबूझ दिखाते हुए बस को नियंत्रित किया। इससे बस किसी बड़े हादसे का शिकार होने से बच गई।
बस रुकते ही यात्रियों ने ली राहत की सांस
टायर फटने के बाद बस रुक गई। इसके बाद यात्रियों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।यात्रियों ने बताया कि अगर चालक समय रहते बस को नियंत्रित नहीं करता तो पुलिया से उतरते समय बड़ा हादसा हो सकता था।बस रुकने के बाद यात्रियों ने राहत की सांस ली। हालांकि इसके बाद उनके सामने आगे की यात्रा को लेकर परेशानी खड़ी हो गई।
दो घंटे तक नहीं मिली वैकल्पिक बस
यात्रियों का आरोप है कि बस खराब होने के बाद करीब दो घंटे तक मौके पर कोई वैकल्पिक रोडवेज बस नहीं पहुंची।यात्रियों जुमलेश खान, राजेश और कविता देवी ने बताया कि काफी देर तक वे बस का इंतजार करते रहे।वैकल्पिक व्यवस्था नहीं मिलने के कारण यात्रियों को अपने स्तर पर आगे जाने का इंतजाम करना पड़ा।
निजी वाहनों से लिफ्ट लेकर पहुंचे मालाखेड़ा
काफी देर इंतजार करने के बाद यात्रियों ने निजी वाहनों से लिफ्ट लेकर मालाखेड़ा पहुंचने का फैसला किया।मालाखेड़ा पहुंचने के बाद यात्रियों ने दूसरी रोडवेज बस पकड़ी और आगे की यात्रा पूरी की।इस पूरी प्रक्रिया में यात्रियों को परेशानी के साथ काफी समय भी गंवाना पड़ा। यात्रियों का कहना है कि लंबी दूरी की बस खराब होने पर रोडवेज को तत्काल वैकल्पिक व्यवस्था करनी चाहिए।
पुरानी बसों के संचालन पर यात्रियों ने उठाए सवाल
यात्रियों ने अलवर आगार की बसों की स्थिति को लेकर भी सवाल उठाए। उनका आरोप है कि लंबे रूट पर अभी भी पुरानी और जर्जर बसों का संचालन किया जा रहा है।यात्रियों के मुताबिक रास्ते में बस खराब होने की घटनाएं सामने आती रहती हैं। इससे यात्रियों को बीच रास्ते में परेशानी उठानी पड़ती है।उन्होंने बसों की नियमित जांच और समय पर रखरखाव की व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है।
रोडवेज प्रबंधन को घटना की जानकारी नहीं
घटना को लेकर अलवर आगार की प्रबंधक सपना मीणा से बात की गई। उन्होंने बताया कि उन्हें फिलहाल बस के खराब होने की जानकारी नहीं मिली है।उन्होंने कहा कि यदि बस खराब हुई है और इसकी सूचना मिलती है तो यात्रियों की सुविधा के लिए दूसरी बस भेजने की व्यवस्था की जाएगी।रोडवेज प्रबंधन के अनुसार घटना की जानकारी मिलने के बाद आवश्यक कार्रवाई की जा सकती है।
यात्रियों ने सुरक्षित बसें चलाने की मांग की
यात्रियों ने रोडवेज प्रबंधन से लंबी दूरी के रूट पर बसों की स्थिति की नियमित जांच कराने की मांग की है।उनका कहना है कि बसों के टायर, ब्रेक और अन्य जरूरी तकनीकी हिस्सों की समय-समय पर जांच होनी चाहिए।यात्रियों ने यह भी मांग की कि बीच रास्ते में बस खराब होने की स्थिति में तत्काल वैकल्पिक बस उपलब्ध कराने की व्यवस्था की जाए, ताकि यात्रियों को घंटों परेशान न होना पड़े।
चालक की सूझबूझ से टला बड़ा हादसा
सोहनपुर रेलवे पुलिया पर टायर फटने की घटना में सबसे राहत की बात यही रही कि बस में सवार किसी यात्री को चोट नहीं आई।करीब 40 से 45 यात्रियों वाली बस का टायर पुलिया से उतरते समय फटना गंभीर स्थिति पैदा कर सकता था। लेकिन चालक ने समय रहते बस को नियंत्रित कर लिया।अब यात्रियों की शिकायत और बस की तकनीकी स्थिति को लेकर रोडवेज प्रबंधन की ओर से जांच और कार्रवाई का इंतजार है।