Alwar News: आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का अलवर में प्रदर्शन, रैली निकालकर सरकार तक पहुंचाई मांगों की आवाज
अलवर में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका और ग्राम साथिन अपनी विभिन्न मांगों को लेकर लगातार आंदोलन कर रही हैं। गुरुवार को अखिल राजस्थान महिला एवं बाल विकास संयुक्त कर्मचारी संघ के नेतृत्व में मोती डूंगरी पार्क से मिनी सचिवालय तक विरोध रैली निकाली गई। प्रदर्शन के बाद मुख्यमंत्री के नाम अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर मानदेय बढ़ाने, नियमितीकरण और राज्य कर्मचारी का दर्जा देने जैसी मांगों पर शीघ्र निर्णय लेने की अपील की गई।
मोती डूंगरी पार्क से मिनी सचिवालय तक निकाली विरोध रैली
अखिल राजस्थान महिला एवं बाल विकास संयुक्त कर्मचारी संघ के बैनर तले गुरुवार सुबह जिलेभर की आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका और ग्राम साथिन अलवर शहर के मोती डूंगरी पार्क में एकत्रित हुईं। इसके बाद सभी ने एकजुट होकर मिनी सचिवालय तक विरोध रैली निकाली। प्रदर्शन के दौरान सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अपनी मांगों को प्रमुखता से उठाया गया। रैली के समापन पर मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन विभाग के डिप्टी डायरेक्टर और प्रशासनिक अधिकारियों को सौंपा गया। आंदोलनकारियों का कहना है कि पूर्व में हुई वार्ता से कोई समाधान नहीं निकलने के कारण उन्हें आंदोलन तेज करना पड़ा।
हड़ताल से आंगनबाड़ी केंद्रों की सेवाएं प्रभावित
आंदोलन के चलते जिले के कई आंगनबाड़ी केंद्रों का संचालन प्रभावित हुआ है। कार्यकर्ताओं के अनुसार, सरकार की ओर से सकारात्मक पहल नहीं होने पर पहले ही केंद्रों पर तालाबंदी की जा चुकी है, जिसका असर गुरुवार को भी जारी रहा। इसके कारण बच्चों के पोषण कार्यक्रम, नियमित टीकाकरण, गर्भवती महिलाओं की देखरेख और महिला एवं बाल विकास विभाग की अन्य सेवाएं प्रभावित हुई हैं। हड़ताल का असर ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में समान रूप से देखने को मिल रहा है, जिससे लाभार्थियों को असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।
मानदेय वृद्धि और नियमितीकरण प्रमुख मांगें
प्रदर्शन कर रही आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं का कहना है कि उनसे जिम्मेदारियों का निर्वहन नियमित कर्मचारियों की तरह कराया जाता है, लेकिन मानदेय अपेक्षाकृत काफी कम दिया जाता है। उनकी प्रमुख मांगों में मानदेय में वृद्धि, सेवाओं का नियमितीकरण, राज्य कर्मचारी का दर्जा, पेंशन सहित सामाजिक सुरक्षा सुविधाएं और अन्य सेवा लाभ शामिल हैं। संघ का कहना है कि लंबे समय से इन मांगों को सरकार के समक्ष रखा जा रहा है, लेकिन अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है।
समाधान नहीं होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी
संघ के पदाधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि यदि सरकार ने जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा। संघ की सचिव रेखा सैन जयपुर में वरिष्ठ पदाधिकारियों और संबंधित अधिकारियों से मुलाकात कर आगामी रणनीति पर चर्चा कर रही हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि हड़ताल के कारण यदि विभागीय कार्य प्रभावित हो रहे हैं तो इसकी जिम्मेदारी सरकार और महिला एवं बाल विकास विभाग की होगी। फिलहाल कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगों पर ठोस कार्रवाई होने तक आंदोलन जारी रखने का संकेत दिया है।