252 करोड़ रुपये के ड्रग्स केस में ओरी के बाद अब रडार पर: श्रद्धा कपूर के भाई सिद्धांत कपूर को मिला समन
मुंबई: मुंबई पुलिस की एंटी-नारकोटिक्स सेल (ANC) ने बॉलीवुड अभिनेता-निर्देशक सिद्धांत कपूर, जो अभिनेत्री श्रद्धा कपूर के भाई हैं, उन्हें 252 करोड़ के मेफेड्रोन (MD) ड्रग्स मामले में **पूछताछ के लिए समन जारी किया है।
पुलिस के मुताबिक, सिद्धांत कपूर को 25 नवंबर को गाठकोपर ANC यूनिट में अपनी गवाही दर्ज कराने का बुलाया गया है। यह कार्रवाई उस समय की गई है जब सोशल-मीडिया इन्फ्लुएंसर ओरी (Orhan “Orry” Awatramani) को पहले ही इस मामले में पूछताछ के लिए समन किया गया था।
यह ड्रग्स केस मर्च 2024 का है, जब महाराष्ट्र के सांगली जिले में मेफेड्रोन की एक निर्माण इकाई पर छापा मारा गया था और लगभग 126.14 किलो MD जब्त की गई थी, जिसकी अनुमानित कीमत ₹252 करोड़ बताई गई थी ,
जांच में सामने आया है कि ड्रग्स सिंडिकेट के एक मुख्य आरोपी मोहम्मद सालिम , मोहम्मद सुहैल शेख (उर्फ “Lavish”) ने कथित रूप से मुंबई और दुबई में भव्य रेव-पार्टियों का आयोजन किया, जिनमें बॉलीवुड हस्तियाँ भी शामिल थीं।
शेख ने अपनी पूछताछ में दावा किया है कि इन पार्टियों में श्रद्धा कपूर, सिद्धांत कपूर, सिंगर-रैपर Loka, निर्देशक अब्दुल्ला-मुस्तान तथा अन्य बहुत-ऊँचे दर्जे के व्यक्ति शामिल थे। शेख के बयानों में यह भी कहा गया है कि सिंडिकेट का एक कनेक्शन दाऊद इब्राहिम गिरोह से है।
सिद्धांत कपूर का पिछले इतिहास:
यह पहला मौका नहीं है जब सिद्धांत का नाम ड्रग्स मामले में आया हो। जून 2022 में, उन्हें बैंगलोर पुलिस ने एक होटल पार्टी में कथित MDMA (इकस्टसी) और मैरिजुआना के सेवन के आरोप में डिटेन किया था। उस समय उन्हें NDPS एक्ट के अंतर्गत गिरफ्तार किया गया था, लेकिन बाद में जमानत पर रिहा किया गया था।
एएनसी अधिकारियों का कहना है कि सिद्धांत और ओरी को उसी यूनिट में बुलाया गया है जो गाठकोपर में स्थित है।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया है कि समन जारी होना गिल्ट का अर्थ नहीं, बल्कि जांच की प्रक्रिया का हिस्सा है — अब उनकी बयानों की पुष्टि की जाएगी।
इस मामले की गंभीरता इसलिए भी बढ़ जाती है क्योंकि इसमें अंडरवर्ल्ड कनेक्शन की बात सामने आई है, खासकर दाऊद इब्राहिम गिरोह का नाम जुड़ा होना।
अगर सिद्धांत की गवाही में उनकी भागीदारी की पुष्टि होती है, तो यह बॉलीवुड-ड्रग लिंक की जांच में एक बड़ा मोड़ हो सकता है।
इसके बाद पुलिस यह तय करेगी कि आगे कोर्ट में कार्रवाई करनी है या नहीं — जैसे कि गिरफ्तारी, आरोप तय करना या और गहन जांच।
यह कहानी अभी पूरी नहीं है और आने वाले दिनों में और भी खुलासे सामने आ सकते हैं, क्योंकि पुलिस गवाहों की पहचान, उनके बयानों की पुष्टि और अपराधी नेटवर्क की गहराई की पड़ताल कर रही है।