NEET आंदोलन की तर्ज पर राजस्थान में शिक्षा मंत्री मदन दिलावर के खिलाफ मोर्चा, शिक्षक संघ ने अभिजीत दीपके और सोनम वांगचुक को लिखा पत्र
राजस्थान में शिक्षा मंत्री मदन दिलावर को लेकर विवाद लगातार बढ़ता जा रहा है। शिक्षक संगठनों ने अब NEET पेपर लीक आंदोलन से जुड़े अभिजीत दीपके और सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को पत्र लिखकर शिक्षा मंत्री को पद से हटाने की मांग की है। शिक्षक संघ (एकीकृत) ने आरोप लगाया है कि मदन दिलावर के कार्यकाल में प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था प्रभावित हुई है और शिक्षकों के साथ व्यवहार को लेकर नाराजगी बढ़ी है। संगठन ने NEET आंदोलन की सफलता का हवाला देते हुए राजस्थान के शिक्षकों की समस्याओं को भी उठाने की अपील की है।
शिक्षक संघ ने अभिजीत दीपके से की हस्तक्षेप की अपील
शिक्षक संघ (एकीकृत) की ओर से लिखे गए पत्र में अभिजीत दीपके के नेतृत्व में NEET पेपर लीक मामले को लेकर किए गए आंदोलन का जिक्र किया गया है। संगठन ने कहा कि जिस तरह छात्रों के मुद्दों को लेकर आवाज उठाई गई, उसी तरह राजस्थान के शिक्षकों की समस्याओं पर भी ध्यान देने की जरूरत है। पत्र में शिक्षा मंत्री मदन दिलावर को हटाने की मांग करते हुए कहा गया है कि प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए इस दिशा में कदम उठाना जरूरी है।
शिक्षकों ने लगाए गंभीर आरोप, बताया रवैया तानाशाहीपूर्ण
शिक्षक संगठनों ने शिक्षा मंत्री मदन दिलावर पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। पत्र में दावा किया गया है कि मंत्री का शिक्षकों के प्रति व्यवहार कठोर और अपमानजनक रहा है। संगठन ने आरोप लगाया कि शिक्षकों को सार्वजनिक रूप से अपमानित करने, शिक्षक नेताओं पर कार्रवाई कराने और डर का माहौल बनाने जैसी शिकायतें सामने आती रही हैं। इसके अलावा महिला शिक्षकों से जुड़े बयानों और मोबाइल जांच जैसे मुद्दों को लेकर भी संगठन ने नाराजगी जाहिर की है।
शिक्षा विभाग के फैसलों पर भी उठे सवाल
शिक्षक संघ ने शिक्षा विभाग के कुछ फैसलों को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं। संगठन का आरोप है कि शैक्षणिक सत्र के बीच किताबों और स्कूल ड्रेस में बदलाव जैसे प्रस्तावों से स्कूलों में असमंजस की स्थिति पैदा हुई। शिक्षकों का कहना है कि विभागीय नीतियों में स्थिरता और स्पष्टता जरूरी है, ताकि विद्यार्थियों और शिक्षकों दोनों को परेशानी का सामना न करना पड़े। संगठन ने शिक्षा मंत्री पर शिक्षकों की समस्याओं को गंभीरता से नहीं सुनने का भी आरोप लगाया है।
मदन दिलावर के इस्तीफे की मांग तेज, सियासी घमासान शुरू
शिक्षक संगठनों की मांग के बाद राजस्थान की राजनीति में भी बयानबाजी तेज हो गई है। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने शिक्षा मंत्री मदन दिलावर पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें पद से इस्तीफा दे देना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि शिक्षा व्यवस्था लगातार विवादों में घिर रही है और सरकार को इस पर गंभीरता से विचार करना चाहिए। डोटासरा ने यह भी कहा कि जब तक मदन दिलावर पद पर रहेंगे, भाजपा को राजनीतिक नुकसान उठाना पड़ सकता है।
RSS और शिक्षा नीति को लेकर भी आमने-सामने कांग्रेस-BJP
गोविंद सिंह डोटासरा ने शिक्षा व्यवस्था को लेकर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि शिक्षा क्षेत्र में संघ का प्रभाव बढ़ रहा है और सरकार उसी दिशा में काम कर रही है। कांग्रेस नेता ने केंद्रीय शिक्षा व्यवस्था और हालिया बदलावों को लेकर भी सवाल उठाए। हालांकि, भाजपा या शिक्षा मंत्री मदन दिलावर की ओर से इन आरोपों पर तत्काल कोई विस्तृत प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
राजस्थान शिक्षा विभाग को लेकर आगे बढ़ेगा विवाद
मदन दिलावर के खिलाफ शिक्षक संगठनों की नाराजगी और विपक्ष के हमलों के बाद मामला राजनीतिक रूप से गर्म हो गया है। जहां शिक्षक संगठन शिक्षा व्यवस्था में बदलाव और मंत्री के रवैये पर सवाल उठा रहे हैं, वहीं सरकार की ओर से अभी तक कोई बड़ा कदम नहीं उठाया गया है। आने वाले दिनों में यह मुद्दा राजस्थान विधानसभा और राजनीतिक मंचों पर और ज्यादा उठ सकता है।