#देश दुनिया

रूस का Su-57 स्टील्थ फाइटर जेट क्रैश, यूक्रेन का हमला या अपने ही एयर डिफेंस की गलती?

रूस के सबसे आधुनिक और ताकतवर लड़ाकू विमानों में शामिल Su-57 फाइटर जेट के दुर्घटनाग्रस्त होने की खबर ने सैन्य विशेषज्ञों का ध्यान खींचा है। मॉस्को के पास हुए इस हादसे के बाद कई सवाल उठ रहे हैं कि क्या यह विमान यूक्रेनी हमले का शिकार हुआ या फिर रूस की ही एयर डिफेंस प्रणाली ने गलती से इसे निशाना बना दिया। रूसी अधिकारियों ने मामले की जांच शुरू कर दी है।

मॉस्को के पास दुर्घटनाग्रस्त हुआ Su-57

रिपोर्ट्स के मुताबिक, रूसी वायुसेना का Su-57 लड़ाकू विमान मॉस्को के पास ज्वेनिगोरोड इलाके में क्रैश हुआ। बताया जा रहा है कि विमान उस समय प्रशिक्षण उड़ान पर था। हादसे के दौरान पायलट ने समय रहते इजेक्ट कर अपनी जान बचा ली और उसे कोई गंभीर चोट नहीं आई। दुर्घटनास्थल की तस्वीरों में विमान का मलबा जंगल क्षेत्र में बिखरा हुआ दिखाई दिया।

क्या अपने ही एयर डिफेंस का बना शिकार?

Su-57 हादसे को लेकर सोशल मीडिया पर अलग-अलग दावे सामने आ रहे हैं। कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि यह विमान रूस के अपने ही एयर डिफेंस सिस्टम की मिसाइल का शिकार हो गया। इसे ‘फ्रेंडली फायर’ की घटना बताया जा रहा है, जिसमें एयर डिफेंस ने गलती से अपने ही विमान को दुश्मन समझ लिया।

यूक्रेन के हमले की आशंका भी जताई गई

दूसरी ओर कुछ दावों में कहा जा रहा है कि Su-57 को यूक्रेन ने निशाना बनाया हो सकता है। हालांकि, इस दावे की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में साइबर हमले की संभावना भी जताई गई है, जिसके कारण रूसी एयर डिफेंस सिस्टम ने कथित तौर पर गलत पहचान कर प्रतिक्रिया दी।

रूस ने शुरू की हादसे की जांच

रूसी अधिकारियों ने Su-57 क्रैश मामले की जांच शुरू कर दी है। जांच एजेंसियां उड़ान नियमों के उल्लंघन, तकनीकी खराबी और ऑपरेशन से जुड़ी संभावित गलतियों की जांच कर रही हैं। विशेषज्ञों के मुताबिक, इतने महंगे और आधुनिक स्टील्थ फाइटर विमान के दुर्घटनाग्रस्त होने के बाद विस्तृत जांच करना सामान्य प्रक्रिया है।

Su-57 रूस का पांचवीं पीढ़ी का स्टील्थ फाइटर

सुखोई Su-57 रूस का पहला पांचवीं पीढ़ी का स्टील्थ मल्टीरोल फाइटर विमान है। इसे हाई स्पीड, बेहतर मैन्यूवरेबिलिटी और अत्याधुनिक एवियोनिक्स से लैस किया गया है। यह विमान करीब मैक-2 यानी 2,458 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से उड़ान भर सकता है और इसमें दो शक्तिशाली टर्बोफैन इंजन लगाए गए हैं।

रूसी वायुसेना में 2020 में हुआ शामिल

Su-57 को दिसंबर 2020 में आधिकारिक रूप से रूसी एयरोस्पेस फोर्सेज में शामिल किया गया था। इसे रूस की हवाई ताकत का प्रमुख हिस्सा माना जाता है। स्टील्थ तकनीक से लैस होने के कारण यह विमान दुश्मन के रडार से बचने और लंबी दूरी के मिशनों को अंजाम देने में सक्षम है।

हादसे की असली वजह पर सस्पेंस बरकरार

फिलहाल Su-57 क्रैश की वास्तविक वजह स्पष्ट नहीं है। रूस की जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि यह हादसा तकनीकी खराबी, दुश्मन के हमले या फिर किसी गलती से हुई कार्रवाई का परिणाम था।

https://x.com/stvnewsonline

https://www.facebook.com/StvNews2006

author avatar
Stv News Rajasthan

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *