IND vs ZIM: श्रेयस अय्यर ने तोड़ा धोनी का 12 साल पुराना रिकॉर्ड, हरारे में भारत की शानदार जीत
जिम्बाब्वे के खिलाफ हरारे में खेले गए टी20 मुकाबले में टीम इंडिया ने 7 विकेट से शानदार जीत दर्ज की। इस जीत के साथ कप्तान श्रेयस अय्यर ने एक बड़ी व्यक्तिगत उपलब्धि भी अपने नाम कर ली। लगातार आठवीं बार टॉस जीतकर उन्होंने महेंद्र सिंह धोनी का 12 साल पुराना भारतीय रिकॉर्ड तोड़ दिया और टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में नया इतिहास रच दिया।
धोनी का रिकॉर्ड पीछे छोड़ बने नंबर-1 भारतीय कप्तान
26 जुलाई 2026 को पहली बार भारत की टी20 टीम की कमान संभालने वाले श्रेयस अय्यर ने कप्तानी के शुरुआती दौर में ही बड़ा रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया। हरारे में जिम्बाब्वे के खिलाफ मुकाबले में टॉस जीतते ही वह टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में लगातार आठ टॉस जीतने वाले पहले भारतीय कप्तान बन गए। इससे पहले यह रिकॉर्ड महेंद्र सिंह धोनी के नाम था, जिन्होंने 2010 से 2012 के बीच लगातार सात टॉस जीते थे।
हरारे में मिली कप्तान अय्यर की पहली जीत
श्रेयस अय्यर की कप्तानी में भारत ने हरारे में जिम्बाब्वे को 7 विकेट से हराकर टी20 विश्व कप 2026 के बाद पहली जीत दर्ज की। इससे पहले उनकी कप्तानी में भारतीय टीम को लगातार दो टी20 सीरीज में सफलता नहीं मिली थी। आयरलैंड के खिलाफ कप्तानी की शुरुआत करने वाले अय्यर लगातार टॉस जीतते रहे, लेकिन जीत का इंतजार हरारे में जाकर खत्म हुआ। इस मुकाबले ने उनके कप्तानी करियर को नई शुरुआत दी।
विराट को पीछे छोड़ा, अब विश्व रिकॉर्ड पर नजर
लगातार टॉस जीतने के मामले में श्रेयस अय्यर पहले ही विराट कोहली को पीछे छोड़ चुके थे। अब उनकी नजर टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के विश्व रिकॉर्ड पर है। यदि वह आगामी मुकाबलों में भी टॉस जीतने का सिलसिला जारी रखते हैं तो पाकिस्तान के सलमान आगा के लगातार नौ टॉस जीतने के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ सकते हैं। इसके बाद वेस्टइंडीज के डैरेन सैमी के लगातार दस टॉस जीतने के विश्व रिकॉर्ड की बराबरी करने का मौका भी उनके पास होगा।
कप्तानी के साथ बढ़ीं उम्मीदें
हरारे में मिली जीत और रिकॉर्ड के बाद श्रेयस अय्यर की कप्तानी को नई मजबूती मिली है। भारतीय टीम के लिए यह जीत सिर्फ एक मुकाबले की सफलता नहीं, बल्कि टी20 विश्व कप के बाद नए अभियान की सकारात्मक शुरुआत भी मानी जा रही है। अब क्रिकेट प्रशंसकों की नजर बाकी मुकाबलों पर होगी कि क्या अय्यर अपनी कप्तानी में जीत का सिलसिला और रिकॉर्ड दोनों बरकरार रख पाते हैं।