मदन राठौड़ के बयान पर डोटासरा का पलटवार, बोले- युवा नहीं हैं ‘भाड़े के टट्टू’, यही बदलेंगे राजनीति की दिशा
छात्र आंदोलन को लेकर राजस्थान में तेज हुई सियासी बयानबाजी
दिल्ली के जंतर-मंतर पर चल रहे छात्र आंदोलन को लेकर राजस्थान की राजनीति गरमा गई है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ के कथित ‘भाड़े के टट्टू’ वाले बयान पर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने तीखा पलटवार किया है। डोटासरा ने कहा कि आंदोलन कर रहे युवा देश का भविष्य हैं और उन्हें किसी भी तरह से अपमानित नहीं किया जा सकता। उन्होंने केंद्र सरकार पर युवाओं की समस्याओं को नजरअंदाज करने का आरोप लगाते हुए कहा कि पेपर लीक जैसे मुद्दों पर सरकार को जवाब देना चाहिए।
डोटासरा बोले- युवा देश का भविष्य, सरकार को देंगे जवाब
प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में मीडिया से बातचीत करते हुए गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा कि युवाओं को ‘भाड़े के टट्टू’ कहना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि यही युवा देश के लोकतंत्र और संविधान की रक्षा के लिए आवाज उठा रहे हैं। डोटासरा ने दावा किया कि युवाओं की नाराजगी आने वाले समय में राजनीतिक बदलाव का कारण बन सकती है। उन्होंने भाजपा पर युवाओं की भावनाओं को समझने की बजाय उन्हें बदनाम करने का आरोप लगाया।
पेपर लीक मामलों को लेकर केंद्र सरकार पर साधा निशाना
डोटासरा ने आरोप लगाया कि पिछले कई वर्षों में देश में बड़ी संख्या में पेपर लीक की घटनाएं सामने आईं, लेकिन सरकार ने समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए। उन्होंने कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने वाले लाखों छात्रों का भविष्य प्रभावित हुआ है। कांग्रेस नेता ने सरकार से परीक्षा व्यवस्था में सुधार, पारदर्शिता और जिम्मेदारी तय करने की मांग की। उन्होंने कहा कि केवल आश्वासन देने से युवाओं की समस्याओं का समाधान नहीं होगा।
शिक्षा मंत्री के इस्तीफे और NTA में बदलाव की मांग
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने NEET पेपर लीक मामले का जिक्र करते हुए शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग दोहराई। उन्होंने कहा कि परीक्षा संचालन करने वाली एजेंसियों की जवाबदेही तय होनी चाहिए और ऐसी व्यवस्था बनाई जानी चाहिए जिससे भविष्य में पेपर लीक जैसी घटनाओं पर रोक लग सके। डोटासरा ने आरोप लगाया कि सरकार युवाओं के मुद्दों पर गंभीरता दिखाने के बजाय राजनीतिक बचाव में लगी हुई है।
राहुल गांधी की मांगों का किया समर्थन, सरकार पर लगाया आरोप
डोटासरा ने कहा कि कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने संसद में भी पेपर लीक और छात्रों से जुड़े मुद्दों को उठाने की कोशिश की थी। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने इन मुद्दों पर गंभीर चर्चा नहीं होने दी। डोटासरा ने कहा कि छात्रों पर कार्रवाई करने की बजाय उनकी समस्याएं सुनी जानी चाहिए। उन्होंने प्रदर्शनकारी छात्रों पर दर्ज मामलों को वापस लेने और संवाद के जरिए समाधान निकालने की मांग की।
राजस्थान में शिक्षा व्यवस्था और खाली पदों पर भी उठाए सवाल
डोटासरा ने राजस्थान की शिक्षा व्यवस्था का मुद्दा उठाते हुए कहा कि प्रदेश के कई स्कूलों में शिक्षकों के पद खाली हैं, जिससे छात्रों की पढ़ाई प्रभावित हो रही है। उन्होंने दावा किया कि कई प्रशासनिक और शिक्षा संबंधी मामलों में कर्मचारियों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कांग्रेस नेता ने सरकार से शिक्षा क्षेत्र में लंबित समस्याओं के समाधान के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की।
निकाय और पंचायत चुनाव को लेकर कांग्रेस ने शुरू की तैयारी
बयानबाजी के बीच डोटासरा ने आगामी निकाय और पंचायत चुनावों को लेकर भी पार्टी की तैयारियों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस संगठन स्तर पर चुनाव की रणनीति तैयार कर रही है। नगर कांग्रेस कमेटी, जिला कांग्रेस कमेटी और ब्लॉक स्तर पर बैठकें आयोजित की जाएंगी। उन्होंने कहा कि जनता की राय और स्थानीय मुद्दों के आधार पर पार्टी चुनावी रणनीति तैयार करेगी।
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