झालावाड़ में अपराधियों पर प्रशासन का बड़ा एक्शन, अवैध ढाबा और निर्माण बुलडोजर से ध्वस्त
राजस्थान के झालावाड़ जिले में पुलिस और प्रशासन ने संगठित अपराध तथा मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ बड़ा अभियान चलाते हुए अवैध संपत्तियों पर सख्त कार्रवाई की। सोमवार को अलग-अलग स्थानों पर सरकारी भूमि पर किए गए अतिक्रमण हटाए गए और नशा तस्करी से जुड़े एक कथित ठिकाने को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया गया। अधिकारियों का कहना है कि अपराध से अर्जित अवैध संपत्तियों और सरकारी जमीन पर कब्जा करने वालों के खिलाफ आगे भी इसी तरह की कार्रवाई जारी रहेगी।
संगठित अपराध के खिलाफ विशेष अभियान जारी
जिला पुलिस अधीक्षक अमित कुमार ने बताया कि जिले में संगठित अपराध, मादक पदार्थों की तस्करी और आदतन अपराधियों के खिलाफ विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान के तहत ऐसे व्यक्तियों की पहचान की जा रही है, जिन्होंने कथित रूप से सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा किया है या अपराध से जुड़ी गतिविधियों के लिए संपत्तियों का इस्तेमाल किया है। प्रशासन का उद्देश्य अपराध पर प्रभावी अंकुश लगाने के साथ-साथ अवैध निर्माणों को हटाकर सरकारी भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराना है।
राष्ट्रीय राजमार्ग पर बने ढाबे पर चला बुलडोजर
घाटोली थाना क्षेत्र के खोली गांव के पास राष्ट्रीय राजमार्ग-52 पर स्थित एक ढाबे पर प्रशासन ने कार्रवाई की। अधिकारियों के अनुसार, जांच में सामने आया कि संबंधित ढाबा सार्वजनिक निर्माण विभाग (PWD) की भूमि पर कथित रूप से अवैध कब्जा कर बनाया गया था। प्रशासन ने पहले अतिक्रमण हटाने के लिए नोटिस जारी किया था, लेकिन कार्रवाई नहीं होने पर भारी पुलिस बल की मौजूदगी में बुलडोजर चलाकर ढाबे को ध्वस्त कर दिया गया। प्रशासन का दावा है कि इस स्थान का उपयोग कथित रूप से अवैध गतिविधियों के लिए किया जा रहा था।
NDPS मामलों की जांच के बाद हुई कार्रवाई
पुलिस के अनुसार, जून में की गई एक कार्रवाई के दौरान संबंधित आरोपियों के ठिकानों से 51 किलोग्राम से अधिक डोडा चूरा बरामद किया गया था। इस मामले में आरोपियों के खिलाफ NDPS Act के तहत प्रकरण दर्ज हैं और जांच जारी है। पुलिस का कहना है कि प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया कि ढाबे की आड़ में कथित रूप से मादक पदार्थों की आपूर्ति की जा रही थी। मामले की विस्तृत जांच संबंधित एजेंसियां कर रही हैं।
हिस्ट्रीशीटर के अवैध कब्जों पर भी चला बुलडोजर
गंगधार क्षेत्र में पुलिस और प्रशासन ने हिस्ट्रीशीटर संजय मीणा से जुड़े कथित अवैध निर्माणों पर भी कार्रवाई की। प्रशासन के अनुसार, चरागाह भूमि सहित सरकारी जमीन पर किए गए तीन अलग-अलग अवैध कब्जों को हटाया गया। अधिकारियों का कहना है कि संबंधित व्यक्ति के खिलाफ पहले से हत्या के प्रयास, मादक पदार्थ तस्करी, अवैध वसूली और अन्य गंभीर मामलों में प्रकरण दर्ज हैं। कार्रवाई के दौरान पूरे क्षेत्र में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे।
अपराधियों को सख्त संदेश, आगे भी जारी रहेगा अभियान
झालावाड़ प्रशासन का कहना है कि अपराध के खिलाफ केवल गिरफ्तारी ही नहीं, बल्कि अपराध से जुड़ी अवैध संपत्तियों पर भी लगातार कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों के अनुसार, सरकारी भूमि पर कब्जा करने और अपराध से जुड़े आर्थिक नेटवर्क को खत्म करने के उद्देश्य से यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। पुलिस ने स्पष्ट किया कि कानून के दायरे में रहते हुए प्रत्येक मामले की जांच और कार्रवाई की जाएगी तथा अपराधियों के खिलाफ सख्त रुख अपनाया जाएगा।