पुलिस की कार्रवाई में मिली अहम सफलता
गोविन्दगढ़ थाना पुलिस ने दूल्हे के अपहरण मामले में तेजी से कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। थानाधिकारी धर्म सिंह ने बताया कि मामले की गहन जांच के दौरान वारदात में प्रयुक्त बोलेरो वाहन को भी जब्त कर लिया गया है। पुलिस की विशेष टीमें फरार आरोपियों की तलाश में संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दे रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही पूरे गिरोह को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस हर पहलू की बारीकी से जांच कर रही है ताकि घटना से जुड़े सभी तथ्यों को सामने लाया जा सके।
प्रेम प्रसंग और पुरानी रंजिश बनी वारदात की वजह
पुलिस जांच में सामने आया है कि इस अपहरण कांड के पीछे प्रेम संबंध और पुरानी दुश्मनी की कहानी जुड़ी हुई है। जांच के अनुसार दुल्हन और उसका कथित प्रेमी विष्णु पंडित पहले एक हत्या के मामले में जेल जा चुके हैं। बताया गया कि दोनों की मुलाकात अदालत में पेशी के दौरान हुई थी, जबकि जेल में उनके परिवारों के बीच भी संपर्क स्थापित हुआ था। बाद में युवती का रिश्ता महेश यादव से तय होने पर विष्णु पंडित नाराज हो गया। इसी नाराजगी ने कथित रूप से उसे अपने साथियों के साथ मिलकर अपहरण की साजिश रचने के लिए प्रेरित किया।
कई दिनों तक की गई रेकी, फिर अंजाम दी वारदात
जांच एजेंसियों को मिले सुरागों के अनुसार मुख्य आरोपी ने वारदात से पहले कई दिनों तक महेश यादव की गतिविधियों पर नजर रखी थी। उसके आने-जाने के रास्तों, समय और दिनचर्या की लगातार रेकी की गई। पुलिस का मानना है कि पूरी घटना पूर्व नियोजित थी और आरोपियों ने सही मौके का इंतजार करने के बाद अपहरण को अंजाम दिया। जांच में जुटी टीम मोबाइल लोकेशन, सीसीटीवी फुटेज और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पूरे घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ रही है। इससे मामले में शामिल अन्य लोगों की भूमिका भी स्पष्ट होने लगी है।
परिवारों के खिलाफ पहले से दर्ज हैं गंभीर मामले
पुलिस जांच में यह तथ्य भी सामने आया है कि कथित प्रेमी, युवती तथा उनके कुछ परिजनों के खिलाफ उत्तर प्रदेश के आगरा और मथुरा क्षेत्रों में हत्या जैसे गंभीर मामलों के मुकदमे दर्ज हैं। इन मामलों में वे पूर्व में कई महीने जेल में रह चुके हैं। जांच अधिकारियों के अनुसार इसी दौरान दोनों परिवारों के बीच संपर्क बढ़ा था और बाद में यह संबंध और मजबूत हुआ। पुलिस अब पुराने आपराधिक रिकॉर्ड और वर्तमान घटना के बीच संभावित संबंधों की भी जांच कर रही है, ताकि पूरे मामले की पृष्ठभूमि को बेहतर ढंग से समझा जा सके।
एक घंटे के भीतर सुरक्षित बरामद हुआ दूल्हा
जानकारी के अनुसार 23 अप्रैल 2026 को शाम करीब सात बजे महेश यादव का अज्ञात बदमाशों द्वारा अपहरण कर लिया गया था। घटना की सूचना मिलते ही गोविन्दगढ़ पुलिस ने जिलेभर में नाकाबंदी कर आरोपियों का पीछा शुरू कर दिया। पुलिस की सक्रियता और बढ़ते दबाव के चलते आरोपी अपहृत युवक को धोलागढ़ देवी थाना क्षेत्र में छोड़कर फरार हो गए। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए करीब एक घंटे के भीतर युवक को सुरक्षित बरामद कर लिया। इसके बाद मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई, जिसमें अब महत्वपूर्ण खुलासे सामने आ रहे हैं।