पिता का भावुक बयान: “देश पहले, ऐसी बेटी नहीं चाहिए”
जयपुर में जैश-ए-मोहम्मद की कथित स्लीपर सेल के रूप में गिरफ्तार बबीता उर्फ खदीजा (37) के मामले ने नया मोड़ ले लिया है। परिवार ने पहली बार खुलकर प्रतिक्रिया देते हुए गहरा दुख जताया है। पिता ने कैमरे के सामने आने से इनकार करते हुए कहा कि उनके लिए देश सर्वोपरि है और यदि कोई व्यक्ति देश के खिलाफ काम करता है तो वह उसे स्वीकार नहीं कर सकते। उन्होंने कहा कि ऐसी परिस्थितियों में उन्हें अपनी बेटी की भी जरूरत नहीं है।
परिवार का कहना है कि उन्हें कभी अंदाजा नहीं था कि वह किसी संदिग्ध गतिविधि में शामिल हो सकती है। बबीता लंबे समय से माता-पिता के साथ जयपुर में रह रही थी और घर में सामान्य जीवन जी रही थी।
ATS की जांच: मोबाइल और सोशल मीडिया से मिले अहम सुराग
राजस्थान ATS ने मिलिट्री इंटेलिजेंस इनपुट के आधार पर बबीता को गिरफ्तार किया था। जांच में सामने आया कि वह कथित तौर पर सोशल मीडिया और एन्क्रिप्टेड ऐप्स के जरिए पाकिस्तान स्थित नेटवर्क के संपर्क में थी। उसके मोबाइल से दो सिम कार्ड भी बरामद किए गए हैं।
जांच में एक फेसबुक अकाउंट “दुनिया धोखेबाज” नाम से मिला है, जिसमें हथियारों वाली प्रोफाइल फोटो और विदेशी संपर्कों की सूची पाई गई। एजेंसियों के अनुसार उसके कई संपर्क पाकिस्तान और अफगानिस्तान से जुड़े नंबरों से भी मिले हैं।
ब्रेनवॉश और पहचान बदलने के आरोप
प्रारंभिक जांच के अनुसार, महिला पर कथित तौर पर कट्टरपंथी विचारधारा के जरिए ब्रेनवॉश किए जाने का शक है। आरोप है कि ऑनलाइन संपर्क के दौरान उसे धार्मिक सामग्री भेजी गई और उसका नाम बदलकर “खदीजा” रखा गया।
सूत्रों के मुताबिक, जांच में यह भी सामने आया है कि एक विदेशी मौलवी द्वारा उसे प्रभावित किए जाने और संपर्क में रखने की बात सामने आ रही है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी जांच पर निर्भर है।
परिवार और पृष्ठभूमि
जानकारी के अनुसार, बबीता लंबे समय से अपने पति से अलग रह रही थी और तलाक की प्रक्रिया चल रही थी। वह अपने माता-पिता के साथ जयपुर में रह रही थी। पिता खादी विभाग में कार्यरत रहे हैं और परिवार पहले गंगापुर सिटी में रहता था।
परिवार का कहना है कि उन्होंने कभी उसके व्यवहार में कोई असामान्यता नहीं देखी।
जांच जारी, कई नेटवर्क की कड़ियां खंगाली जा रहीं
एजेंसियां अब इस मामले में जैश-ए-मोहम्मद के कथित महिला विंग नेटवर्क और भारत में सक्रिय स्लीपर सेल मॉड्यूल की जांच कर रही हैं। मोबाइल डाटा, चैट रिकॉर्ड और विदेशी संपर्कों की गहन जांच जारी है।