जोधपुर में फायरिंग और मारपीट में विक्की फाइटर की मौत, कंडारा गैंग कनेक्शन की जांच तेज
जोधपुर शहर में शुक्रवार देर रात पुरानी रंजिश को लेकर हुए खूनी हमले में एक युवक की मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल है। बोम्बे मोटर से 12वीं रोड के बीच हुई इस वारदात में बदमाशों ने फायरिंग करने के साथ एसयूवी में तोड़फोड़ की और दोनों युवकों पर हमला कर दिया। पुलिस जांच में मामले का कनेक्शन कंडारा गैंग से जुड़ा सामने आ रहा है।
देर रात बदमाशों ने किया जानलेवा हमला
पुलिस के अनुसार विक्की फाइटर और सन्नी हंस एसयूवी के पास मौजूद थे, तभी मोटरसाइकिलों पर सवार होकर आए बदमाशों ने उन पर हमला कर दिया। आरोपियों ने पहले वाहन में तोड़फोड़ की और फिर फायरिंग शुरू कर दी। हमले में दोनों युवक गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद हमलावर मौके से फरार हो गए। सूचना मिलते ही देवनगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को अस्पताल पहुंचाया।
इलाज के दौरान विक्की फाइटर ने तोड़ा दम
घायलों को मथुरादास माथुर अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान विक्की फाइटर की मौत हो गई। बताया जा रहा है कि उसके सिर में गोली लगी थी। वहीं सन्नी हंस की पीठ में गोली लगी और उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। डॉक्टरों की निगरानी में उसका इलाज जारी है। घटना के बाद परिजनों और समर्थकों में भारी आक्रोश देखा गया।
CCTV फुटेज में कैद हुई वारदात
पूरी घटना पास के एक कॉम्पलेक्स में लगे सीसीटीवी कैमरों में रिकॉर्ड हो गई। फुटेज में हथियारों से लैस बदमाश युवकों पर हमला करते दिखाई दे रहे हैं। एक घायल युवक जान बचाने के लिए भागता नजर आता है, जबकि बदमाश उसका पीछा करते हुए लगातार हमला करते रहते हैं। पुलिस के अनुसार आरोपियों ने करीब तीन राउंड फायरिंग की। घटनास्थल से मिले सबूतों को एफएसएल टीम ने जब्त कर जांच शुरू कर दी है।
कंडारा गैंग से जुड़े होने की आशंका
प्रारंभिक जांच में पुलिस को पता चला है कि हमलावरों का संबंध कंडारा गैंग से हो सकता है। एसीपी पश्चिम नरेंद्र सिंह देवड़ा ने बताया कि आरोपियों और पीड़ित पक्ष के बीच पुरानी रंजिश चल रही थी। पुलिस ने विशाल पंडित, चिकू, अजय घारू और सुनीत तेजी समेत कई संदिग्धों की पहचान की है। मामले में गैंगवार के एंगल से भी जांच की जा रही है।
दो माह पुरानी रंजिश बनी हमले की वजह
पुलिस जांच में सामने आया है कि करीब दो महीने पहले सन्नी हंस के भाई राहुल का संजय मेघवाल के साथ विवाद और मारपीट हुई थी। माना जा रहा है कि उसी घटना के बदले के रूप में इस हमले को अंजाम दिया गया। पुलिस इस रंजिश और गैंग कनेक्शन के सभी पहलुओं की जांच कर रही है ताकि घटना की पूरी साजिश का खुलासा किया जा सके।
आरोपियों की तलाश में पुलिस की दबिश
वारदात के बाद पुलिस ने पूरे शहर में नाकाबंदी कर दी और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीमें गठित कीं। राजीव गांधी नगर, कुड़ी और प्रताप नगर सदर थाना पुलिस की टीमें लगातार संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। कई संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।