राजस्थान में 24 घंटे में 3 सड़क हादसे, 12 लोगों की मौत
धार्मिक यात्राएं बनीं मौत का सफर
राजस्थान में बीते 24 घंटों के दौरान हुए तीन अलग-अलग सड़क हादसों ने कई परिवारों की खुशियां छीन लीं। बीकानेर, झालावाड़ और नागौर में हुए भीषण हादसों में कुल 12 लोगों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य घायल हो गए। सभी हादसों की सबसे दुखद बात यह रही कि अधिकांश लोग धार्मिक स्थलों के दर्शन या पुण्य स्नान के लिए निकले थे, लेकिन उनकी यात्रा दर्दनाक त्रासदी में बदल गई।
मुकाम धाम से लौट रहे परिवार के 6 लोगों की मौत
बीकानेर जिले में राष्ट्रीय राजमार्ग पर हुए एक हादसे में हरियाणा के फतेहाबाद निवासी एक ही परिवार के छह लोगों की मौत हो गई। परिवार मुकाम धाम में गुरु जम्भेश्वर के समाधि स्थल के दर्शन कर लौट रहा था। आमने-सामने की टक्कर इतनी भीषण थी कि कार के परखच्चे उड़ गए। हादसे में आठ वर्षीय तनवी गंभीर रूप से घायल हो गई, जिसका बीकानेर के पीबीएम अस्पताल में उपचार जारी है।
कमलेश्वर महादेव से लौट रहे श्रद्धालुओं का वाहन खाई में गिरा
झालावाड़ जिले के गुलखेड़ी गांव के पास श्रद्धालुओं से भरा एक लोडिंग वाहन अनियंत्रित होकर खाई में जा गिरा। वाहन में 21 लोग सवार थे, जो कमलेश्वर महादेव मंदिर के दर्शन कर अपने गांव लौट रहे थे। हादसे में दो महिलाओं सहित तीन श्रद्धालुओं की मौत हो गई, जबकि 16 लोग घायल हो गए। पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से राहत एवं बचाव कार्य चलाया।
पुष्कर स्नान के लिए निकले परिवार पर टूटा कहर
नागौर जिले के जसनगर क्षेत्र में लूणी नदी की रपट पर बस और कार की आमने-सामने की टक्कर में एक मासूम बच्ची समेत तीन लोगों की मौत हो गई। करौली जिले का एक परिवार सोमवती अमावस्या पर पुष्कर स्नान के लिए जा रहा था। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार पलट गई और उसमें सवार लोग बुरी तरह फंस गए। हादसे में पांच लोग घायल हुए, जिनमें कुछ की हालत गंभीर बताई जा रही है।
प्रशासन और पुलिस ने शुरू की जांच
तीनों हादसों के बाद पुलिस ने मामले दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। नागौर हादसे में बस चालक के खिलाफ लापरवाही से वाहन चलाने का मामला दर्ज किया गया है। वहीं अन्य हादसों के कारणों की भी जांच की जा रही है। लगातार सामने आ रहे सड़क हादसों ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा और यातायात नियमों के पालन को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।