भीलवाड़ा में ड्रग्स नेटवर्क पर बड़ी चोट, 36 करोड़ की एमडीएमए फैक्ट्री का पर्दाफाश
राजस्थान के भीलवाड़ा जिले में पुलिस ने नशे के कारोबार पर बड़ी चोट करते हुए एक अवैध एमडीएमए फैक्ट्री का पर्दाफाश किया है। बिजौलियां क्षेत्र में की गई इस कार्रवाई में करीब 36 करोड़ रुपये मूल्य का मादक पदार्थ, रसायन और ड्रग्स बनाने के उपकरण बरामद किए गए हैं। पुलिस ने तीन संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूरे नेटवर्क की जांच शुरू कर दी है।
गुप्त सूचना के बाद पुलिस ने की सुनियोजित कार्रवाई
भीलवाड़ा पुलिस को सूचना मिली थी कि बिजौलियां थाना क्षेत्र के चंपापुर गांव के बाहरी इलाके में एक सुनसान खेत पर बने मकान में अवैध रूप से सिंथेटिक ड्रग्स तैयार की जा रही है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक सागर राणा के निर्देशन में विशेष टीम गठित की गई। पुलिस उपाधीक्षक योगेश शर्मा के नेतृत्व में टीम ने मौके पर दबिश दी और संदिग्ध गतिविधियों का खुलासा करते हुए फैक्ट्री का भंडाफोड़ कर दिया। कार्रवाई के दौरान वहां मौजूद तीन लोगों को हिरासत में लिया गया।
मौके से बड़ी मात्रा में मादक पदार्थ और केमिकल बरामद
छापेमारी के दौरान पुलिस को लगभग 36 किलो एमडीएमए के साथ बड़ी मात्रा में ब्रोमो केमिकल, अन्य रॉ मटेरियल और ड्रग्स निर्माण में उपयोग होने वाले उपकरण मिले। प्रारंभिक आकलन के अनुसार बरामद मादक पदार्थ की बाजार कीमत करीब 36 करोड़ रुपये बताई जा रही है। पुलिस ने सभी सामान को जब्त कर फॉरेंसिक जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी है, ताकि पूरे मामले से जुड़े तकनीकी पहलुओं की पुष्टि की जा सके।
प्रारंभिक जांच में सामने आई ड्रग्स तैयार करने की प्रक्रिया
पुलिस की शुरुआती जांच में पता चला है कि आरोपियों ने करीब 20 किलो ब्रोमो केमिकल को प्रोसेस कर एमडीएमए तैयार किया था। फैक्ट्री को आबादी से दूर एक सुनसान स्थान पर स्थापित किया गया था, जिससे इसकी गतिविधियों पर किसी की नजर न पड़े। माना जा रहा है कि आरोपी लंबे समय से इस अवैध कारोबार से जुड़े हो सकते हैं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि तैयार मादक पदार्थ की सप्लाई किन क्षेत्रों में की जानी थी।
ड्रग माफियाओं के खिलाफ अभियान रहेगा जारी
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पारसमल ने बताया कि जिले में नशे के कारोबार के खिलाफ विशेष अभियान लगातार चलाया जा रहा है और इसी अभियान के तहत यह महत्वपूर्ण सफलता हासिल हुई है। फिलहाल हिरासत में लिए गए आरोपियों से पूछताछ की जा रही है और पूरे नेटवर्क के अन्य संभावित सदस्यों की तलाश जारी है। जांच पूरी होने के बाद बरामद मादक पदार्थ की अंतिम मात्रा और कीमत का आधिकारिक आकलन जारी किया जाएगा।