जयपुर में बुलडोजर एक्शन: 26 साल बाद खुला रास्ता, 5 लाख लोगों को मिलेगी जाम से राहत
जयपुर में वर्षों से अटके सड़क चौड़ीकरण और अतिक्रमण हटाने के अभियान ने सोमवार को बड़ा रूप ले लिया। नंदपुरी बाईपास से जगतपुरा तक रेलवे लाइन के समानांतर बनने वाली सड़क को अतिक्रमण मुक्त कराने के लिए प्रशासन ने बड़े स्तर पर कार्रवाई शुरू की है। इस अभियान के तहत एक मस्जिद, दो मंदिर, एक सत्संग भवन और एक मजार सहित कई निर्माण हटाए जा रहे हैं। प्रशासन का दावा है कि सड़क पूरी तरह विकसित होने के बाद करीब 5 लाख लोगों को ट्रैफिक जाम से राहत मिलेगी।
धार्मिक स्थलों सहित अतिक्रमण पर कार्रवाई
जयपुर विकास प्राधिकरण (जेडीए) ने नूरानी मस्जिद सहित पांच धार्मिक स्थलों के खिलाफ अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू की है। अधिकारियों के अनुसार संबंधित पक्षों को पहले ही नोटिस जारी कर पर्याप्त समय दिया गया था। सड़क को निर्धारित चौड़ाई में विकसित करने के लिए यह कार्रवाई की जा रही है। इससे पहले 22 मई को भी इसी मार्ग पर 134 अतिक्रमण हटाए गए थे।
इलाके को बनाया गया सुरक्षा छावनी
कार्रवाई के दौरान किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति से बचने के लिए पूरे क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। करीब 3000 पुलिसकर्मी और 12 आरएसी कंपनियां मौके पर मौजूद हैं। प्रशासन ने कुछ क्षेत्रों में प्रतिबंधात्मक आदेश लागू किए हैं और 24 घंटे के लिए इंटरनेट सेवाएं भी बंद की गई हैं। ड्रोन कैमरों से लगातार निगरानी रखी जा रही है।
नूरानी मस्जिद को लेकर विरोध की आशंका
कार्रवाई से पहले नूरानी मस्जिद को लेकर स्थानीय स्तर पर विरोध की आशंका जताई गई थी। रविवार शाम मस्जिद कमेटी और मुस्लिम समाज के प्रतिनिधियों की बैठक भी हुई थी, जिसमें कार्रवाई पर चिंता व्यक्त की गई। हालांकि प्रशासन का कहना है कि राजस्व रिकॉर्ड के अनुसार यह भूमि सड़क के लिए आरक्षित है और सभी कानूनी प्रक्रियाओं का पालन किया गया है।
आखिर क्यों जरूरी है यह सड़क?
करीब डेढ़ किलोमीटर लंबी यह सड़क मालवीय नगर, नंदपुरी, जगतपुरा और प्रतापनगर क्षेत्रों को जोड़ने वाली महत्वपूर्ण कड़ी मानी जाती है। वर्तमान में अतिक्रमण और संकरी सड़क के कारण यहां अक्सर जाम की स्थिति बनी रहती है। जगतपुरा रेलवे फाटक और आसपास के प्रमुख मार्गों पर वाहनों का दबाव बढ़ जाता है, जिससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है।
एयरपोर्ट और रेलवे स्टेशन की कनेक्टिविटी होगी बेहतर
सड़क चौड़ी होने के बाद यह मार्ग 80 फीट चौड़ा हो जाएगा। इससे जगतपुरा रेलवे स्टेशन, जयपुर एयरपोर्ट और आसपास की कॉलोनियों तक पहुंच आसान होगी। लोगों को वैकल्पिक मार्ग मिलेगा और वाहनों का दबाव अन्य प्रमुख सड़कों पर कम होगा। प्रशासन का अनुमान है कि लगभग 50 कॉलोनियों के निवासियों को इसका सीधा लाभ मिलेगा और ट्रैफिक जाम की समस्या काफी हद तक कम हो जाएगी।
26 साल पुरानी योजना को मिली रफ्तार
स्थानीय लोगों के अनुसार इस सड़क परियोजना का इंतजार वर्षों से किया जा रहा था। अतिक्रमण और कानूनी प्रक्रियाओं के कारण काम आगे नहीं बढ़ पा रहा था। अब प्रशासनिक कार्रवाई के बाद परियोजना को नई गति मिलने की उम्मीद है। अधिकारियों का कहना है कि सड़क निर्माण पूरा होने पर शहर के दक्षिणी हिस्से की यातायात व्यवस्था में बड़ा सुधार देखने को मिलेगा।