राज्यसभा चुनाव 2026: बीजेपी ने राजस्थान से सतीश पूनिया और अलका गुर्जर पर लगाया दांव
राजस्थान में राज्यसभा चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने अपने पत्ते खोल दिए हैं। पार्टी ने पूर्व प्रदेशाध्यक्ष डॉ. सतीश पूनिया और राष्ट्रीय सचिव अलका गुर्जर को उम्मीदवार घोषित कर संगठनात्मक मजबूती और सामाजिक संतुलन का संदेश देने की कोशिश की है। उम्मीदवारों की घोषणा के साथ ही प्रदेश की राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि भाजपा ने इस चयन के जरिए आगामी चुनावी रणनीति और विभिन्न वर्गों के बीच अपनी पकड़ मजबूत करने का संकेत दिया है।
भाजपा ने अनुभव और संगठन पर जताया भरोसा
राज्यसभा के लिए घोषित उम्मीदवारों में डॉ. सतीश पूनिया का नाम सबसे चर्चित रहा। लंबे समय तक राजस्थान भाजपा के प्रदेशाध्यक्ष रहे पूनिया संगठन और पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच मजबूत पकड़ रखते हैं। वर्तमान में वे पार्टी की महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां संभाल रहे हैं और कई राज्यों में चुनावी रणनीति का हिस्सा रहे हैं। पार्टी नेतृत्व ने उन्हें उम्मीदवार बनाकर यह संकेत दिया है कि संगठन में लंबे समय से सक्रिय नेताओं को सम्मान और अवसर देने की परंपरा जारी रहेगी।
अलका गुर्जर को मौका देकर सामाजिक संदेश
भाजपा ने दूसरी सीट के लिए अलका गुर्जर को उम्मीदवार बनाकर सामाजिक समीकरणों को साधने का प्रयास किया है। अलका गुर्जर लंबे समय से पार्टी संगठन में सक्रिय हैं और राष्ट्रीय स्तर पर विभिन्न जिम्मेदारियां निभा चुकी हैं। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि इस निर्णय के जरिए भाजपा ने गुर्जर समाज को मजबूत संदेश देने की कोशिश की है। साथ ही महिला नेतृत्व को आगे बढ़ाने की पार्टी की रणनीति भी इस फैसले में दिखाई देती है।
तीन सीटों पर चुनाव, भाजपा की दो सीटों पर मजबूत स्थिति
राजस्थान से राज्यसभा की कुल तीन सीटों पर चुनाव होना है। वर्तमान सांसदों का कार्यकाल समाप्त होने के बाद ये सीटें रिक्त हो रही हैं। विधानसभा में मौजूदा संख्या बल को देखते हुए भाजपा दो सीटों पर जीत की मजबूत स्थिति में है, जबकि तीसरी सीट पर कांग्रेस का दावा माना जा रहा है। इसी राजनीतिक गणित को ध्यान में रखते हुए भाजपा ने समय रहते अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर चुनावी तैयारी को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है।
18 जून को मतदान, नामांकन प्रक्रिया जारी
राज्यसभा चुनाव के लिए नामांकन प्रक्रिया जारी है और उम्मीदवार 8 जून तक अपने नामांकन पत्र दाखिल कर सकेंगे। नामांकन पत्रों की जांच 9 जून को की जाएगी। चुनाव आयोग के कार्यक्रम के अनुसार 18 जून को मतदान होगा और उसी दिन परिणाम भी घोषित किए जाएंगे। भाजपा के उम्मीदवारों की घोषणा के बाद अब कांग्रेस की ओर से उम्मीदवार चयन को लेकर राजनीतिक हलकों की नजरें टिकी हुई हैं।