जयपुर बाइपास पर भीषण सड़क हादसा, तीन वाहन टकराए; कई घायल
राजस्थान की राजधानी जयपुर के चाकसू क्षेत्र में तेज रफ्तार और लापरवाही ने बड़ा सड़क हादसा करा दिया। रामपुर कट बाइपास पर पहले निकलने की होड़ में एक निजी बस, सीमेंट ब्लॉक से भरे ट्रोले और दूसरे ट्रक की जोरदार भिड़ंत हो गई। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी और चीख-पुकार मच गई। कई लोग घायल हुए हैं, जबकि सड़क पर लंबा जाम लग गया। स्थानीय लोगों ने निजी बस चालकों की लापरवाही और खराब सड़क व्यवस्था को हादसे की बड़ी वजह बताया है।
जल्दबाजी बनी हादसे की वजह
चाकसू के रामपुर कट बाइपास पर गुरुवार को एक बड़ा सड़क हादसा उस समय हो गया, जब एक निजी बस चालक ने जल्दबाजी में वाहन को हाईवे पर चढ़ाने की कोशिश की। बताया जा रहा है कि ‘केला देवी एक्सप्रेस’ नामक बस कस्बे से बाइपास की ओर जा रही थी। इसी दौरान निवाई की तरफ से आ रहे सीमेंट ब्लॉक से भरे ट्रोले से उसकी जोरदार टक्कर हो गई। भिड़ंत इतनी तेज थी कि ट्रोले में भरे सीमेंट ब्लॉक सड़क पर बिखर गए। हादसे के बाद यात्रियों और आसपास मौजूद लोगों में दहशत फैल गई तथा मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
दूसरी टक्कर ने बढ़ाई दहशत
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक पहली भिड़ंत के बाद बस चालक वाहन पर नियंत्रण नहीं रख सका और बस आगे बढ़ते हुए दूसरे ट्रक से जा टकराई। लगातार दो टक्करों से घटनास्थल पर चीख-पुकार मच गई। हादसे में वाहन चालकों समेत कई यात्रियों को चोटें आईं, जिन्हें तुरंत स्थानीय अस्पताल पहुंचाया गया। लोगों का कहना है कि बस चालक ने दोनों तरफ से वाहन आते देखने के बावजूद जोखिम उठाया और पहले निकलने की कोशिश करता रहा। स्थानीय नागरिकों ने आरोप लगाया कि निजी बस चालक अक्सर तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाते हैं, जिससे आए दिन हादसे हो रहे हैं।
सड़क की बदहाल हालत पर उठे सवाल
हादसे के बाद स्टेट हाईवे की खराब स्थिति भी चर्चा का विषय बन गई। स्थानीय लोगों ने बताया कि सड़क अभी गारंटी अवधि में होने के बावजूद जगह-जगह गड्ढे और उखड़ी हुई डामर सड़क हादसों को न्योता दे रही है। सड़क पर धूल और नुकीली गिट्टियां फैलने से वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। भारी वाहन गुजरते ही धूल के गुबार उठते हैं, जिससे पीछे चल रहे ड्राइवरों की दृश्यता प्रभावित होती है। ग्रामीणों का आरोप है कि कई दोपहिया चालक गड्ढों से बचने के प्रयास में गिरकर घायल हो चुके हैं, लेकिन जिम्मेदार विभाग अब तक मरम्मत को लेकर गंभीर नहीं दिख रहा।
स्थानीय लोगों में नाराजगी, आंदोलन की चेतावनी
घटना के बाद क्षेत्र के लोगों में प्रशासन और परिवहन विभाग के खिलाफ नाराजगी देखने को मिली। ग्रामीणों और व्यापारियों का कहना है कि निजी बस संचालकों की मनमानी पर लगाम नहीं लगाई जा रही, जबकि सड़क की हालत भी लगातार खराब होती जा रही है। लोगों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द सड़क मरम्मत और तेज रफ्तार वाहनों पर कार्रवाई नहीं हुई, तो आंदोलन किया जाएगा। प्रशासन ने फिलहाल मामले की जांच शुरू कर दी है और दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को हटाकर यातायात बहाल करने का प्रयास किया गया।