अलवर में शहीद दिवस पर उमड़ा जनसैलाब, भगत सिंह सर्किल पर वीरों को दी गई भावभीनी श्रद्धांजलि
अलवर शहर में 23 मार्च को शहीद दिवस (बलिदान दिवस) के अवसर पर देश के महान क्रांतिकारियों भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव को श्रद्धापूर्वक याद किया गया। इस अवसर पर भगत सिंह सर्किल पर श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों के सदस्यों और बड़ी संख्या में आम नागरिकों ने भाग लिया।
कार्यक्रम में वन मंत्री संजय शर्मा, कांग्रेस जिला अध्यक्ष प्रकाश गंगावत सहित विभिन्न संगठनों के पदाधिकारी उपस्थित रहे। सभी ने भगत सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर शहीदों को नमन किया। इस दौरान देशभक्ति के नारे गूंजे और उपस्थित लोगों ने वीर सपूतों के बलिदान को याद किया।
वन मंत्री संजय शर्मा ने अपने संबोधन में कहा कि देश आज उन महान क्रांतिकारियों को याद कर रहा है, जिन्होंने स्वतंत्रता के लिए अपने प्राणों की आहुति दी। उनका बलिदान सदैव देशवासियों को प्रेरित करता रहेगा। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे शहीदों के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाएं।
उल्लेखनीय है कि भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव को ब्रिटिश सरकार ने लाहौर षड्यंत्र केस में दोषी ठहराया था। वर्ष 1928 में लाला लाजपत राय की मृत्यु का बदला लेने के लिए क्रांतिकारियों ने अंग्रेज अधिकारी जॉन सॉन्डर्स की हत्या की थी। इसके बाद 1929 में भगत सिंह और बटुकेश्वर दत्त ने केंद्रीय विधानसभा में बम फेंककर अंग्रेजी शासन के खिलाफ अपनी आवाज बुलंद की थी।
इन घटनाओं के चलते ब्रिटिश सरकार ने तीनों क्रांतिकारियों को फांसी की सजा सुनाई, जिसे 23 मार्च 1931 को लागू किया गया। आज भी देश इन अमर शहीदों के बलिदान को गर्व और सम्मान के साथ याद करता है।