गौसेवकों पर लाठीचार्ज के बाद एक्शन, 3 पुलिसकर्मी लाइन हाजिर, बछड़े का कटा शव मिलने से भड़का था विरोध…
बारां में बछड़े का कटा शव मिलने के बाद शुरू हुआ विवाद अब पुलिस कार्रवाई तक पहुंच गया है। गौसेवकों पर लाठीचार्ज के बाद प्रशासन ने सख्ती दिखाते हुए तीन पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया है। मामले की जांच जारी है और पूरे शहर में माहौल अभी भी संवेदनशील बना हुआ है।
बछड़े का कटा शव मिलने से भड़का आक्रोश
राजस्थान के बारां शहर में 6 फरवरी को बरडिया क्षेत्र में एक बछड़े का कटा हुआ शव मिलने के बाद पूरे इलाके में तनाव फैल गया। इस घटना से गौसेवकों और सर्व हिन्दू समाज में भारी आक्रोश देखा गया। लोगों ने इसे गंभीर मामला बताते हुए दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
घटना के विरोध में विभिन्न संगठनों ने बैठक कर 9 फरवरी को बारां बंद का आह्वान किया। बंद के दौरान शहर के कई इलाकों में बाजार बंद रहे और विरोध प्रदर्शन किए गए।
धरने के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों में टकराव
बारां बंद के बाद प्रदर्शनकारी प्रताप चौक पर शांतिपूर्ण धरने पर बैठे थे। इसी दौरान पुलिस ने धरना समाप्त कराने के लिए हस्तक्षेप किया। प्रदर्शनकारियों को हटाने के प्रयास में पुलिस द्वारा बल प्रयोग और लाठीचार्ज की घटना सामने आई।
इस कार्रवाई के बाद स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों में नाराजगी बढ़ गई। कई संगठनों ने पुलिस के रवैये पर सवाल उठाते हुए इसे अनुचित बताया।
जांच के बाद तीन पुलिसकर्मी लाइन हाजिर
घटना के बाद पुलिस प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू की। जांच के दौरान प्रथम दृष्टया जिम्मेदारी तय होने पर तीन पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया गया है।
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि पूरे घटनाक्रम की वीडियो फुटेज और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान के आधार पर जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ आगे की कार्रवाई की जाएगी।
समाज ने सौंपा ज्ञापन, कार्रवाई नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी
भंवरगढ़ सहित अन्य क्षेत्रों में विभिन्न सामाजिक संगठनों ने मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपकर दोषी पुलिस अधिकारियों और घटना में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
ज्ञापन में चेतावनी दी गई है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो जिलेभर में व्यापक आंदोलन किया जाएगा।
संवेदनशील बना हुआ है माहौल, प्रशासन की नजर
फिलहाल बारां शहर में स्थिति नियंत्रित बताई जा रही है, लेकिन माहौल अभी भी संवेदनशील है। पुलिस प्रशासन शांति बनाए रखने के लिए लगातार निगरानी कर रहा है और लोगों से अफवाहों से बचने तथा कानून व्यवस्था बनाए रखने की अपील की गई है।