जनकपुरी हादसा: एनिवर्सरी केक का इंतजार करता रहा परिवार, खुले गड्ढे में गिरकर 25 वर्षीय कमल की मौत
नई दिल्ली:
पश्चिमी दिल्ली के जनकपुरी इलाके में एक दर्दनाक हादसे ने खुशियों को मातम में बदल दिया। 25 वर्षीय कमल ध्यानी सीवर खुदाई के दौरान छोड़े गए खुले गड्ढे में गिरकर जान गंवा बैठे। जिस घर में माता-पिता की शादी की सालगिरह मनाने की तैयारी थी, वहीं अगले दिन पुलिस मौत की खबर लेकर पहुंची।
‘10 मिनट में पहुंच रहा हूं’… आखिरी कॉल
हादसे से कुछ देर पहले कमल ने अपने माता-पिता को फोन कर कहा था कि वह “बस 10 मिनट में घर पहुंच रहा है।” परिवार रातभर उसका इंतजार करता रहा, लेकिन सुबह पुलिस ने बताया कि गड्ढे में एक युवक का शव मिला है — वह कमल ही था।
एनिवर्सरी सेलिब्रेशन की थी तैयारी
कमल ने माता-पिता की शादी की सालगिरह मनाने के लिए छुट्टी ली थी। घर में कीर्तन और छोटे समारोह की तैयारी थी, केक भी रखा हुआ था, लेकिन कमल घर नहीं लौटा और खुशियां मातम में बदल गईं।
खुले गड्ढे पर सुरक्षा इंतजाम नहीं
स्थानीय लोगों के मुताबिक, जिस जगह दिल्ली जल बोर्ड ने खुदाई की थी वहां न पर्याप्त रोशनी थी, न बैरिकेडिंग और न चेतावनी बोर्ड। लोगों ने इसे प्रशासनिक लापरवाही बताया है। बाद में मौके पर बैरिकेडिंग और ग्रीन नेट लगाए गए।
परिवार ने रातभर की तलाश
कमल के परिजन पूरी रात उसकी तलाश में सगरपुर, डाबरी, जनकपुरी, पालम, रोहिणी और मंगोलपुरी समेत कई थानों के चक्कर लगाते रहे। परिवार का आरोप है कि उन्हें कहीं से ठोस मदद नहीं मिली। सुबह करीब 6:30 बजे पुलिस का फोन आया और हादसे की जानकारी दी गई।
कौन था कमल ध्यानी
पालम निवासी कमल एक निजी बैंक में काम करता था और परिवार का सहारा था। उसके पिता मंदिर में पुजारी हैं। दोस्तों के अनुसार वह खुशमिजाज और मिलनसार था तथा अक्सर दोस्तों को साथ बैठकर खाना खिलाता था।
सरकारी कार्रवाई शुरू
घटना के बाद मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। दिल्ली सरकार ने दिल्ली जल बोर्ड के तीन इंजीनियरों को निलंबित किया है। परिवार ने आसपास के CCTV फुटेज की मांग करते हुए जिम्मेदार लोगों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।