🔴 उधमपुर एनकाउंटर: जैश के 2 आतंकी ढेर, सेना ने गुफा को किया ब्लास्ट
उधमपुर | सुरक्षा डेस्क
जम्मू-कश्मीर के उधमपुर जिले में सुरक्षाबलों को बड़ी कामयाबी मिली है। जैश-ए-मोहम्मद के दो आतंकियों को सेना ने मार गिराया है। आतंकियों के छिपे होने की पुष्टि के बाद सुरक्षाबलों ने उस प्राकृतिक गुफा को ही विस्फोट से ध्वस्त कर दिया, जहां से वे गोलीबारी कर रहे थे।
🌲 दुर्गम जंगल में छिपे थे आतंकी
यह मुठभेड़ उधमपुर जिले के रामनगर इलाके के जाफर वन क्षेत्र में हुई। सुरक्षाबलों को खुफिया सूचना मिली थी कि 2 से 3 संदिग्ध पाकिस्तानी आतंकी जंगल में एक गुफा के भीतर छिपे हुए हैं। इसके बाद सेना, जम्मू-कश्मीर पुलिस और सीआरपीएफ की संयुक्त टीम ने इलाके की घेराबंदी की।
🔫 एक घंटे से ज्यादा चली भीषण गोलीबारी
मंगलवार शाम करीब 4 बजे आतंकियों का पता लगते ही मुठभेड़ शुरू हो गई। दोनों ओर से करीब एक घंटे तक भारी गोलीबारी हुई। इस दौरान एक आतंकी के घायल होने की सूचना मिली, जो अपने साथी के साथ वापस गुफा में चला गया।
🌑 अंधेरे में भागने की कोशिश, सुरक्षा बल सतर्क
शाम करीब साढ़े 7 बजे आतंकियों ने अंधेरे का फायदा उठाकर घेराबंदी तोड़ने की कोशिश की। इसके बाद फिर से गोलीबारी और जोरदार धमाकों की आवाजें सुनाई दीं। हालात को देखते हुए सेना ने अतिरिक्त टुकड़ियां, पैराट्रूपर्स और डॉग स्क्वॉड को मौके पर तैनात कर दिया।
🚁 ड्रोन से निगरानी, रात भर चला ऑपरेशन
रात के दौरान किसी नई गोलीबारी की सूचना नहीं मिली, लेकिन सुरक्षाबलों ने ड्रोन के जरिए पूरे इलाके और गुफा पर कड़ी नजर बनाए रखी। आतंकियों से आत्मसमर्पण की अपील भी की गई, लेकिन उन्होंने इनकार कर दिया।
💥 सेना का अंतिम प्रहार, गुफा उड़ाई गई
बुधवार सुबह हालात का आकलन करने के बाद सुरक्षाबलों ने अंतिम कार्रवाई का फैसला लिया। विस्फोटक लगाकर उस गुफा को उड़ा दिया गया, जिसमें आतंकी छिपे हुए थे। इस कार्रवाई में जैश-ए-मोहम्मद के दो आतंकियों के मारे जाने की पुष्टि हुई है।
📊 सुरक्षा एजेंसियों का विश्लेषण
सुरक्षा सूत्रों के मुताबिक, यह आतंकी सीमा पार से घुसपैठ कर आए थे और किसी बड़ी वारदात की फिराक में थे। समय रहते कार्रवाई होने से एक बड़े हमले को टाल दिया गया।
🛡️ इलाके में सर्च ऑपरेशन जारी
हालांकि दो आतंकियों के मारे जाने की पुष्टि हो चुकी है, फिर भी पूरे वन क्षेत्र में सघन तलाशी अभियान जारी है, ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि कोई और आतंकी आसपास छिपा न हो।