देश को मिलेंगे 100 नए सैनिक स्कूल, गुजरात से अमित शाह का बड़ा ऐलान…
गृहमंत्री अमित शाह ने गुजरात के मेहसाणा में बड़ा एलान करते हुए कहा कि केंद्र सरकार पूरे देश में 100 नए सैनिक स्कूल खोलने जा रही है। यह कदम युवाओं को सैन्य शिक्षा और अनुशासित वातावरण में बेहतर अवसर प्रदान करेगा। शाह ने कहा कि PPP मॉडल के तहत बनने वाले ये स्कूल रक्षा क्षेत्र में सक्षम और सशक्त युवा तैयार करेंगे।
मेहसाणा के लिए गर्व का क्षण: मोतीभाई चौधरी सैनिक स्कूल शामिल
अमित शाह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पहल पर देशभर में सैनिक शिक्षा को नए स्तर पर ले जाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रस्तावित 100 सैनिक स्कूलों में मेहसाणा का मोतीभाई चौधरी सैनिक स्कूल भी शामिल है, जो जिले के लिए विशेष गौरव की बात है।
स्थानीय स्तर पर सैनिक स्कूल खुलने से ग्रामीण और कस्बाई इलाक़ों के छात्रों को भी उच्च स्तरीय सैन्य प्रशिक्षण और शिक्षा का अवसर मिलेगा, जिससे क्षेत्र के युवाओं की करियर संभावनाएँ बढ़ेंगी।
PPP मॉडल के तहत होंगे 100 नए सैनिक स्कूल स्थापित
शाह ने स्पष्ट किया कि केंद्र सरकार सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) मॉडल पर देशभर में 100 सैनिक स्कूल स्थापित कर रही है। इससे निजी संस्थानों की विशेषज्ञता और सरकारी ढांचे का सम्मिलन होगा, जिससे गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराई जा सकेगी।
PPP मॉडल शिक्षा क्षेत्र में तेजी से विस्तार का माध्यम बन रहा है। इससे न केवल सरकारी खर्च घटता है, बल्कि शिक्षण गुणवत्ता और संसाधनों में भी सुधार होता है।
युवाओं में सैन्य भावना और अनुशासन को बढ़ावा देने की पहल
अमित शाह ने कहा कि सैनिक स्कूल केवल शिक्षा नहीं, बल्कि युवाओं में अनुशासन, नेतृत्व, राष्ट्रभावना और देश सेवा की प्रेरणा का माध्यम हैं। नए स्कूलों से युवाओं के बीच सेना और सुरक्षा बलों के प्रति आकर्षण भी बढ़ेगा।
सैनिक स्कूलों से निकलने वाले छात्र अक्सर NDA और रक्षा सेवाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हैं। यह पहल रक्षा क्षेत्र में योग्य उम्मीदवारों की संख्या बढ़ाने में योगदान देगी।
प्रधानमंत्री मोदी की दृष्टि: मजबूत और सक्षम युवा शक्ति
गृहमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी का विज़न है कि भारत की युवाशक्ति हर क्षेत्र में विश्व स्तर पर प्रतिस्पर्धी बने। सैनिक स्कूलों का विस्तार इसी सोच का हिस्सा है, जिसमें शिक्षा के साथ राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखा गया है।
मोदी सरकार शिक्षा और सैन्य संरचना दोनों में सुधार के लिए कई कदम उठा रही है। यह घोषणा शिक्षा—सुरक्षा—विकास तीनों क्षेत्रों को जोड़ती है।
स्थानीय विकास को भी मिलेगा बड़ा प्रोत्साहन
मेहसाणा जैसे क्षेत्रों में सैनिक स्कूल खुलने से आसपास के इलाकों में आवास, रोजगार, और बुनियादी सुविधाओं का विकास तेज़ होगा। इससे जिले की सामाजिक और आर्थिक स्थिति पर भी सकारात्मक असर पड़ेगा।
किसी बड़े शैक्षिक संस्थान के आने से स्थानीय अर्थव्यवस्था को नया आधार मिलता है। यह कदम मेहसाणा के विकास को नई दिशा दे सकता है।