दिल्ली IED ब्लास्ट पर NIA का बड़ा खुलासा—सुसाइड अटैक की साजिश बेनकाब, i20 कार मालिक गिरफ्तार…
दिल्ली के लाल क़िला क्षेत्र में हुए आईईडी धमाके की जांच में राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) को बड़ी सफलता मिली है। एजेंसी ने इस मामले में कश्मीर निवासी अमीर रशीद अली को गिरफ्तार किया है, जिस पर आत्मघाती हमलावर उमर उन नबी के साथ मिलकर धमाका करने की साजिश रचने का आरोप है। जांच में यह भी सामने आया कि घटना में इस्तेमाल हुई i20 कार के मालिक को भी हिरासत में लिया गया है। यह गिरफ्तारी राजधानी में फैले दहशत के बीच सुरागों को जोड़ने में अहम साबित हो रही है।
IED ब्लास्ट से हिली दिल्ली—लाल क़िला क्षेत्र में गूंजा धमाका
दिल्ली के लाल क़िला इलाके में हुई कार IED ब्लास्ट की घटना ने सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट पर ला दिया। भीड़भाड़ वाले क्षेत्र में खड़ी कार में कम समय के अंतराल में विस्फोट हुआ, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। शुरुआती जांच में विस्फोटक को रिमोट और टाइम-ट्रिगर दोनों संभावनाओं पर परखा गया।
NIA की बड़ी कार्रवाई—कश्मीर निवासी अमीर रशीद गिरफ्तार
NIA ने जांच आगे बढ़ाते हुए कश्मीर के अमीर रशीद अली को गिरफ्तार किया है। एजेंसी को मिले इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों, कॉल डिटेल्स और वित्तीय लेन-देन के आधार पर उसे घटना का प्रमुख साजिशकर्ता माना जा रहा है। अमीर पर आत्मघाती हमलावर उमर उन नबी के साथ मिलकर हमले की प्लानिंग का आरोप है।
सुसाइड मिशन का खुलासा—उमर उन नबी था हमला करने वाला
जांच के दौरान सामने आया कि इस कथित हमले को ‘सुसाइड अटैक’ के रूप में अंजाम देने की तैयारी चल रही थी। उमर उन नबी की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है, जिसने कथित रूप से मौके पर जाकर विस्फोटक लगाने में सहयोग किया। एजेंसी इसके नेटवर्क और संभावित मॉड्यूल की गहराई से जांच कर रही है।
i20 कार मालिक भी गिरफ्तार—विस्फोटक कहां से आया, कई सवाल बाकी
एजेंसी ने उस i20 कार के मालिक को भी गिरफ्तार किया है जिसमें IED लगाया गया था। अब जांच इस दिशा में आगे बढ़ रही है कि कार मालिक सीधे साजिश का हिस्सा था या किसी दबाव व लालच में वाहन उपलब्ध करवाया गया। कार मालिक के मोबाइल डेटा, यात्राओं और बैंक रिकॉर्ड की जांच चल रही है।
NIA की जांच तेज—कई लोकेशन पर छापेमारी, डिजिटल डेटा से मिल रहे सुराग
NIA ने दिल्ली, कश्मीर और हरियाणा सहित कई स्थानों पर छापेमारी की है। लैपटॉप, मोबाइल फोन, चिप्स, GPS डिवाइस और संदिग्ध लेन-देन से जुड़े महत्वपूर्ण रिकॉर्ड खंगाले जा रहे हैं। एजेंसी भरोसा जता रही है कि जल्द ही इस मॉड्यूल की पूरी चेन सामने आ सकती है।
राजधानी में बढ़ाई गई सुरक्षा—हर संदिग्ध गतिविधि पर कड़ी निगरानी
घटना के बाद दिल्ली पुलिस और स्पेशल सेल ने पूरे शहर में सुरक्षा बढ़ा दी है। मेट्रो स्टेशन, बाजार, सरकारी दफ्तरों और संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त फोर्स तैनात है। इंटेलिजेंस एजेंसियों को भी लगातार इनपुट मॉनिटर करने के निर्देश दिए गए हैं।