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कोटा में हिस्ट्रीशीटर आदिल मिर्जा के अवैध महलाएनुमा मकान पर चला बुलडोज़र….

राजस्थान के कोटा जिले में रविवार को प्रशासन ने अपराधियों पर सख्ती दिखाते हुए बड़ा एक्शन लिया। सांगोद क्षेत्र में कुख्यात हिस्ट्रीशीटर आदिल मिर्जा के अवैध निर्माण पर नगर पालिका प्रशासन ने बुलडोजर चलवा दिया। कार्रवाई इतनी बड़ी थी कि पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। मौके पर कई थानों की पुलिस भारी सुरक्षा घेरे के साथ मौजूद रही।


225 गज जमीन पर बना था अवैध आलीशान मकान

प्रशासन के अनुसार आदिल मिर्जा ने अमृतखेड़ी गांव में नगरपालिका की जमीन पर करीब 225 गज क्षेत्र में अवैध कब्जा कर एक अत्याधुनिक और महंगा मकान खड़ा कर दिया था।
पहले ही उसे नोटिस देकर अवैध निर्माण हटाने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन निर्धारित समय में घर को न हटाने पर प्रशासन ने कठोर कदम उठाने का फैसला किया।


भारी पुलिस बल की मौजूदगी में कार्रवाई

कार्रवाई के दौरान किसी भी तरह की अनहोनी से निपटने के लिए पुलिस ने व्यापक सुरक्षा व्यवस्था की थी।

  • कई थानों के थानाधिकारी मौके पर रहे
  • घर को गिराने के लिए JCB और अन्य मशीनों का इस्तेमाल
  • भीड़ को रोकने के लिए बैरिकेडिंग
  • प्रशासनिक अधिकारियों की लगातार निगरानी

अवैध मकान के साथ-साथ आदिल मिर्जा के एक रिश्तेदार का अतिक्रमण किया गया मकान भी ढहा दिया गया।


क्यों हुई यह कार्रवाई?

कोटा जिले में अपराधियों के खिलाफ चल रही “जीरो टॉलरेंस नीति” के तहत पुलिस पहले ही आदिल मिर्जा की अवैध संपत्तियों की सूची तैयार कर चुकी थी।
अवैध निर्माण पर नोटिस चस्पा करने के बाद भी जब आदिल ने खुद से अतिक्रमण नहीं हटाया, तो नगरपालिका और पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई शुरू की।


पूरा मामला – कैसे चिह्नित हुई संपत्ति?

हिस्ट्रीशीटर आदिल मिर्जा पर फायरिंग और हमलों के कई मामले दर्ज हैं।
जांच के दौरान पुलिस ने उसकी विवादित और अवैध संपत्तियों को चिह्नित कर प्रशासन को रिपोर्ट सौंपी।
इसके बाद:

  1. अतिक्रमण नोटिस जारी किया गया
  2. तीन दिन की मोहलत दी गई
  3. समय पूरा होने के बाद बुलडोजर एक्शन शुरू हुआ

कौन है हिस्ट्रीशीटर आदिल मिर्जा?

  • उम्र: लगभग 45 वर्ष
  • निवासी: मोडक क्षेत्र
  • पहला केस: 1996 में, नाबालिग अवस्था में
  • अब तक मामले: 34 से अधिक मुकदमे
  • धाराएं: फायरिंग, जानलेवा हमला, SC/ST एक्ट, आर्म्स एक्ट आदि
  • ताजा गिरफ्तारी: 11 जनवरी को पुलिस पर फायरिंग के केस में हुई

पिछले एक महीने में ही उसके खिलाफ चार नए मामले दर्ज किए गए हैं।


आगे भी जारी रहेगी कार्रवाई

अधिकारियों ने साफ कहा है कि अपराध और अवैध कब्जों से जुड़े व्यक्तियों पर इसी तरह सख्त कदम उठाए जाएंगे।
प्रशासन ने चेतावनी जारी करते हुए कहा:

“अवैध निर्माण या अपराध की ढाल बन चुकी संपत्तियों को बख्शा नहीं जाएगा।”

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