जयपुर में सस्पेंड व्याख्याता की ट्रेन से कटकर मौत, सुसाइड नोट में SOG के दो अफसरों पर गंभीर आरोपअर्जुन नगर फाटक के पास बुधवार शाम की घटना
जयपुर के महेश नगर थाना क्षेत्र में बुधवार शाम एक सस्पेंड व्याख्याता ने ट्रेन के आगे कूदकर आत्महत्या कर ली। यह घटना अर्जुन नगर रेलवे फाटक के पास हुई। मृतक की पहचान मनोहर लाल भादू के रूप में हुई है, जो मूल रूप से जालोर जिले के सांचौर निवासी थे।
सस्पेंशन के बाद जयपुर में रहकर कर रहे थे तैयारी
मनोहर लाल भादू सस्पेंशन के बाद लंबे समय से महेश नगर इलाके में किराए के मकान में रह रहे थे। वे इस दौरान अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे थे। उनके परिवार में पत्नी और तीन बच्चे हैं, जो गांव में रहते हैं।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ सुसाइड नोट
हादसे के कुछ समय बाद मनोहर द्वारा लिखा गया सुसाइड नोट सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। नोट में उन्होंने दावा किया कि उनकी मौत आत्महत्या नहीं बल्कि पुलिस प्रताड़ना का परिणाम है। उन्होंने लिखा कि “मैं मरा नहीं हूं, पुलिस ने मेरी इरादतन हत्या कर दी है।”
SOG अधिकारियों पर प्रताड़ना और झूठे मामलों में फंसाने का आरोप
सुसाइड नोट में मनोहर ने एसओजी के दो अधिकारियों पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने लिखा कि अजमेर एसओजी में दर्ज एक एफआईआर में उनका नाम नहीं था और न ही चालान में उनका कोई उल्लेख था, फिर भी बाद में उन्हें जबरन मामलों में घसीटा गया। उन्होंने जांच अधिकारियों द्वारा डराने-धमकाने और पैसों की मांग करने के आरोप भी लगाए।
खुद को कमजोर नहीं बताया, लेकिन गलत आरोपों से टूटने की बात कही
मनोहर ने नोट में लिखा कि वे मानसिक रूप से कमजोर नहीं थे, लेकिन उन पर लगाए गए गलत आरोप सहन नहीं कर पा रहे थे। उन्होंने बताया कि चार वर्षों से वे दोस्तों से उधार लेकर जीवन यापन कर रहे थे और कोर्ट के खर्चे उनकी आर्थिक स्थिति को और खराब कर रहे थे।
दोस्तों से परिवार की मदद करने की अपील
सुसाइड नोट में मनोहर ने अपने दोस्तों से भावुक अपील करते हुए लिखा कि वे उनके परिवार की मदद करें। साथ ही उन्होंने यह भी इच्छा जताई कि उनकी व्याख्याता पद पर किसी न किसी को अनुकंपा नियुक्ति मिलनी चाहिए।
पुलिस: वायरल सुसाइड नोट की जांच जारी
मौके पर पहुंचे महेश नगर थाना प्रभारी सुरेश यादव ने बताया कि फिलहाल पुलिस को कोई आधिकारिक सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे नोट की सत्यता की जांच की जा रही है।
SOG ADG ने उच्च स्तरीय जांच का दिया आश्वासन
एसओजी के एडीजी विशाल बंसल ने कहा कि यदि मृतक द्वारा किसी अधिकारी पर आरोप लगाए गए हैं, तो पूरे मामले की जानकारी जुटाकर उच्च स्तरीय जांच कराई जाएगी।