‘ह्यूगो शावेज की कसम…’: मादुरो के बाद डेल्सी रोड्रिग्ज बनीं वेनेजुएला की अंतरिम राष्ट्रपति, अमेरिका पर तीखा हमला
वेनेजुएला की राजनीति में बड़ा उलटफेर हो गया है। राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को अमेरिकी सेना द्वारा हिरासत में लिए जाने के बाद देश की उपराष्ट्रपति रहीं डेल्सी रोड्रिग्ज ने सोमवार को अंतरिम राष्ट्रपति पद की शपथ ले ली। इस शपथ ग्रहण ने साफ कर दिया है कि कराकस अब वाशिंगटन की कार्रवाई को “अपहरण” मानते हुए खुली राजनीतिक टकराव की राह पर है।
🏛️ नेशनल असेंबली में शपथ, भाई ने दिलाई जिम्मेदारी
डेल्सी रोड्रिग्ज का शपथ ग्रहण समारोह नेशनल असेंबली में आयोजित हुआ, जहां उन्हें पद की शपथ उनके भाई और संसद अध्यक्ष जॉर्ज रोड्रिग्ज ने दिलाई। यह समारोह प्रतीकात्मक रूप से यह संदेश देने की कोशिश था कि सत्ता संरचना अब भी वेनेजुएला के संस्थानों के भीतर कायम है।
🗣️ “मैं कमांडर ह्यूगो शावेज की शपथ लेती हूं”
शपथ लेते समय रोड्रिग्ज भावुक दिखीं। उन्होंने दाहिना हाथ उठाकर कहा—
“मैं कमांडर ह्यूगो शावेज की शपथ लेती हूं।”
उन्होंने मादुरो और उनकी पत्नी सिलिया फ्लोरेस की अमेरिकी हिरासत को “दो नायकों का अपहरण” बताया और कहा कि वह इस जिम्मेदारी को मातृभूमि पर हुए “नाजायज सैन्य आक्रमण” के दर्द के साथ स्वीकार कर रही हैं।
उनका यह बयान साफ संकेत देता है कि नई अंतरिम सरकार खुद को ह्यूगो शावेज की बोलिवेरियन विचारधारा की उत्तराधिकारी मानती है और अमेरिका के खिलाफ राजनीतिक प्रतिरोध को और तेज करेगी।
📚 ह्यूगो शावेज का प्रतीकात्मक महत्व
ह्यूगो शावेज वेनेजुएला की राजनीति के सबसे प्रभावशाली चेहरों में रहे हैं।
- 1999 से 2013 तक राष्ट्रपति
- ‘बोलिवेरियन क्रांति’ के जरिए समाजवादी नीतियां
- अमेरिकी वर्चस्व के खिलाफ मुखर रुख
- लैटिन अमेरिका में वामपंथी एकजुटता का चेहरा
डेल्सी रोड्रिग्ज द्वारा शपथ में शावेज का नाम लेना यह दिखाता है कि वर्तमान सत्ता संघर्ष केवल कानूनी नहीं, बल्कि वैचारिक युद्ध भी है।
🇺🇸 अमेरिका को सख्त संदेश
शपथ ग्रहण समारोह के जरिए कराकस सरकार ने दुनिया को यह संदेश देने की कोशिश की कि वेनेजुएला अब भी स्वतंत्र रूप से संचालित हो रहा है और वाशिंगटन के नियंत्रण में नहीं है।
समारोह में मादुरो के बेटे निकोलस मादुरो ग्वेरा भी मौजूद रहे, जो अमेरिकी कार्रवाई के बाद पहली बार सार्वजनिक रूप से दिखे।
🔥 मादुरो के बेटे का बयान: “आज वेनेजुएला, कल कोई और”
मादुरो ग्वेरा ने अमेरिका की कार्रवाई की कड़ी निंदा करते हुए कहा—
“अगर दुनिया किसी राष्ट्राध्यक्ष के अपहरण को सामान्य मान लेती है, तो कल कोई भी देश सुरक्षित नहीं रहेगा।”
उन्होंने इसे सिर्फ़ वेनेजुएला का नहीं, बल्कि वैश्विक राजनीतिक स्थिरता पर सीधा खतरा बताया।
⚖️ आगे की राजनीति: टकराव या संक्रमण?
नेशनल असेंबली का मौजूदा कार्यकाल 2031 तक है और रोड्रिग्ज समर्थक गुट अब सत्ता को वैध साबित करने की कोशिश में जुटा है। वहीं अमेरिका समर्थक धड़ा मादुरो की गिरफ्तारी को तानाशाही के अंत के रूप में देख रहा है।
इस समय देश दो स्पष्ट ध्रुवों में बंटा नजर आता है:
- एक तरफ अंतरिम सरकार, जो इसे “अमेरिकी साम्राज्यवाद के खिलाफ संघर्ष” बता रही है
- दूसरी ओर विपक्षी और पश्चिमी देश, जो इसे सत्ता परिवर्तन का अवसर मान रहे हैं
डेल्सी रोड्रिग्ज का अंतरिम राष्ट्रपति बनना केवल सत्ता का बदलाव नहीं है, बल्कि यह संकेत है कि वेनेजुएला अब अमेरिका के खिलाफ खुले राजनीतिक और वैचारिक संघर्ष की राह पर बढ़ चुका है।
“ह्यूगो शावेज की कसम” सिर्फ एक भावनात्मक नारा नहीं, बल्कि उस टकराव का ऐलान है जिसमें आने वाले दिनों में कराकस और वाशिंगटन आमने-सामने खड़े दिख सकते हैं।