#देश दुनिया #राज्य-शहर

अलवर जिला परिषद साधारण सभा से पहले हंगामा, पार्षद जगदीश जाटव के आरोपों के बीच संदीप फ़ौलादपुरिया भैंस लेकर पहुंचे परिषद

अलवर जिला परिषद की साधारण सभा की बैठक से पहले माहौल गरमाता नजर आया। एक ओर जहां जिला पार्षद जगदीश जाटव चार साल दो महीने के विकास कार्यों का हिसाब हाथ में लेकर जिला परिषद पहुंचे और प्रशासन व जनप्रतिनिधियों पर गंभीर आरोप लगाए, वहीं दूसरी ओर जिला पार्षद संदीप फ़ौलादपुरिया अनोखे अंदाज़ में विरोध जताने भैंस लेकर जिला परिषद पहुंच गए।

जिला पार्षद जगदीश जाटव ने आरोप लगाया कि जब भी बैठक में विकास कार्यों की मांग उठाई जाती है, तो जवाब में केवल कचौरी–समोसे मिलते हैं। उन्होंने कहा कि जिला परिषद के सीईओ पार्षदों के फोन नहीं उठाते, बैठकें बार-बार रद्द होती हैं और हर साल सीईओ बदल जाने से विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं। जाटव ने यह भी आरोप लगाया कि पिछले चार साल दो महीने में भाजपा सांसद एक बार भी जिला परिषद की बैठक में शामिल नहीं हुए और वन मंत्री संजय शर्मा भी बैठकों से दूरी बनाए हुए हैं।
उन्होंने बताया कि जिला परिषद की साधारण सभा में 56 अधिकारियों की उपस्थिति अनिवार्य है, लेकिन हकीकत में केवल 25 अधिकारी ही आते हैं। एसपी और कलेक्टर की अनुपस्थिति के कारण पार्षदों को यह समझ नहीं आता कि वे अपनी समस्याएं किसके सामने रखें।

इसी बैठक को लेकर जिला पार्षद संदीप फ़ौलादपुरिया भी विरोध दर्ज कराने भैंस लेकर जिला परिषद के मुख्य गेट पर पहुंचे। उन्होंने आरोप लगाया कि बिजली विभाग की लापरवाही के कारण मुंडावर क्षेत्र के अलीपुर गांव में बिजली करंट से दस भैंसों की दर्दनाक मौत हो गई थी, लेकिन आज तक जिम्मेदारों के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। फ़ौलादपुरिया ने यह भी कहा कि गांवों में लगातार भैंस चोरी की घटनाएं हो रही हैं, लेकिन प्रशासन कोई सुनवाई नहीं कर रहा। इन्हीं समस्याओं को लेकर वे साधारण सभा की बैठक में भैंस लेकर पहुंचे, ताकि प्रशासन और जनप्रतिनिधियों का ध्यान जमीनी मुद्दों की ओर खींचा जा सके।

इन सभी घटनाओं और आरोपों के चलते जिला परिषद की साधारण सभा की बैठक में इस बार भी हंगामे के आसार बने हुए हैं।

author avatar
stvnewsonline@gmail.com

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *