17 दिन बाद नदी में मिला अलवर युवक—रूस से लौटी कहानी बनी रहस्य!
रूस में MBBS की पढ़ाई कर रहे अलवर के छात्र अजीत चौधरी की मौत ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है। उफा शहर में लापता होने के बाद मिली उसकी मौत की खबर अब हकीकत बनकर परिवार के सामने खड़ी है। शव भारत पहुंच चुका है और परिजनों का रो—रोकर बुरा हाल है।
‘रूस के उफा से भारत पहुंचा अलवर के छात्र का शव’
लक्ष्मणगढ़ थाना क्षेत्र के कफनवाड़ा गांव के रहने वाले MBBS छात्र अजीत चौधरी का शव रूस के उफा शहर से दिल्ली एयरपोर्ट लाया गया। परिजन एयरपोर्ट पर मौजूद रहे और गमगीन माहौल में उन्होंने बेटे के पार्थिव शरीर को रिसीव किया।
‘अलवर पहुंचा शव, जिला अस्पताल में पोस्टमार्टम शुरू’
शव के अलवर पहुंचते ही लक्ष्मणगढ़ थाना पुलिस जिला अस्पताल पहुंची। मेडिकल बोर्ड की मौजूदगी में पोस्टमार्टम की प्रक्रिया शुरू की गई। परिजनों और ग्रामीण प्रतिनिधियों की उपस्थिति में पूरी प्रक्रिया को निष्पक्ष तरीके से अंजाम दिया गया।
‘रूस में MBBS कर रहा था छात्र, 20 अक्टूबर से था लापता’
अजीत चौधरी रूस के उफा शहर में MBBS की पढ़ाई कर रहा था।
20 अक्टूबर से उसके अचानक लापता होने के बाद से परिजन और कॉलेज प्रशासन लगातार उसकी तलाश में जुटे थे। स्थानीय पुलिस ने जांच में बताया कि उसका बैग, कपड़े और जूते नदी किनारे मिले थे।
6 नवंबर को नदी से मिला था छात्र का शव’
लगातार तलाश के बीच 6 नवंबर को उसी क्षेत्र की नदी में एक शव मिलने की सूचना मिली। पहचान के बाद वह शव अजीत चौधरी का होना पुष्टि हुई। मौत के कारणों पर स्थानीय पुलिस अभी भी जांच जारी रखे हुए है।
अस्पताल में मौजूद रहे परिजन, माहौल हुआ भावुक’
अलवर जिला अस्पताल में पोस्टमार्टम के समय मृतक छात्र के चाचा भोम सिंह, नरेंद्र चौधरी, धर्मपाल यादव, नंगली के अफजल खान समेत कई परिजन और परिचित पहुंचे। माहौल बेहद भावुक रहा और हर कोई अजीत की रहस्यमयी मौत को लेकर स्तब्ध नजर आया।
‘पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपा गया शव, गांव में तैयारी’
पोस्टमार्टम पूरा होने के बाद अजीत चौधरी का शव परिजनों को सौंप दिया गया है।
अब शव को उसके पैतृक गांव कफनवाड़ा, लक्ष्मणगढ़ ले जाया जाएगा, जहां अंतिम संस्कार की तैयारी की जा रही है। गांव में शोक की लहर है और सैकड़ों लोग अंतिम विदाई के लिए जुटने लगे हैं।
कई सवालों में घिरी मौत – क्या हुआ था अजीत के साथ?
अजीत की मौत कई सवाल खड़े करती है— नदी किनारे कपड़े और सामान मिलना ,अचानक 20 अक्टूबर से लापता होना ,
6 नवंबर को नदी में शव मिलना ,और अब भारत में पोस्टमार्टम
अभी तक मौत के पीछे के कारण स्पष्ट नहीं हो सके हैं। परिजनों ने भारत सरकार और राज्य प्रशासन से मामले की व्यापक जांच की मांग की है। रूस की पुलिस की रिपोर्ट और पोस्टमार्टम की फाइनल रिपोर्ट आने के बाद ही स्थिति साफ हो पाएगी।