माणक चौक में ताबड़तोड़ डकैती, 40 किलो चांदी लुटी गई…
जयपुर के माणक चौक स्थित सिद्धि विनायक कॉम्पलेक्स में मंगलवार रात हुए बेखौफ डकैती में तीन बदमाशों ने ज्वैलर की दुकान से लगभग 40 किलो चांदी लूट की वारदात को अंजाम दिया ।
माणक चौक स्थित ज्वेलर्स की दुकान पर रात के अंधेरे में तीन हमलावरों ने कॉम्पलेक्स की लोहे की जाली काटकर अंदर प्रवेश किया और ग्राउंड फ्लोर पर स्थित गजानंद ज्वेलर्स का शटर तोड़कर चांदी भरा बोरा लेकर भाग गए। वारदात के दौरान पडौसी इमारत के एक सुरक्षा कर्मी ने हस्तक्षेप करने की कोशिश की तो बदमाशों ने उसे भी पीटा। घटना से इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
सुरक्षा गार्डों पर जानलेवा हमला
दुकान के तीन सुरक्षा गार्ड—मान सिंह, गिरिराज प्रसाद और मदन—को बदमाशों ने बंधक बनाकर बुरी तरह पीटा। करीब एक घंटे बाद एक घायल गार्ड ने बाथरूम की खिड़की से बाहर निकलकर मदद के लिए सूचना दी, जिससे पुलिस को घटना का पता चला। प्राथमिक उपचार के बाद गार्डों को मेडिकल छुट्टी दे दी गई है; उनकी बयानबाजी जारी है।
माणक चौक थाना व एफएसएल ने जाँच शुरू की
माणक चौक पुलिस और फॉरेंसिक साइंस लैब (एफएसएल) की टीम मौके पर पहुंचकर साक्ष्य जुटा रही है। एसीपी पीयूष कविया के अनुसार कुछ संदिग्धों को हिरासत में लिया गया है और पूछताछ जारी है। दुकान के मालिक लालकोठी निवासी विनोद अग्रवाल हैं; परिसर में कुल लगभग 70 दुकानें हैं — इस वजह से आसपास के व्यावसायिक प्रतिष्ठानों की सुरक्षा-स्थिति पर भी नजर रखी जा रही है।
पुलिस ने कहा है कि शुरुआती छानबीन में कुछ संदिग्ध पकड़े गए हैं, पर मामले की संवेदनशीलता और जांच की गहराई को देखते हुए पूरी कार्रवाई जारी है। अभी तक आरोपियों की पहचान और बरामदगी की आधिकारिक सूची जारी नहीं की गई है।
क्या यह इशारा है सुरक्षा में बड़ी चूक का?
घटना से लगता है कि अपराधी लक्षित तैयारी करके आए थे — जाली काटना, शटर तोड़ना और तेजी से संपत्ति ले जाना यह दर्शाता है कि उन्हें परिसर का नक्शा और दुकान की आदतों की जानकारी थी।
सुरक्षा-प्रबंध में कमजोरी स्पष्ट है:
कॉम्प्लेक्स के स्तर पर सामूहिक सुरक्षा उपाय — साझा कैमरे, रात में गश्त करने वाली टीम और इमरजेंसी अलर्ट सिस्टम — लागू किए जाने से ऐसी घटनाओं को रोका जा सकता है।
पुलिस और एफएसएल की रिपोर्ट आने पर ही पूरी तस्वीर सामने आएगी — जिसमें किसने, कैसे और किसके साथ मिलीभगत थी, इन सबका खुलासा संभव होगा।