Goa Nightclub Fire Tragedy: मालिकों की शर्मनाक हरकतें उजागर
गोवा के अरपोरा स्थित नाइट क्लब में लगी भयावह आग ने 25 लोगों की जान ले ली—लेकिन सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि जब लोग मदद के लिए चीख रहे थे और रेस्क्यू टीमें आग से जूझ रही थीं, तब क्लब के मालिक देश छोड़कर भागने की तैयारी कर रहे थे। जांच में सामने आए खुलासों ने इस हादसे को और भी दिल दहलाने वाला बना दिया है।
गोवा नाइट क्लब त्रासदी—25 लोगों की मौत, लेकिन मालिकों ने बचाव नहीं, भागने की तैयारी की
गोवा के अरपोरा इलाके में ‘बर्च बाय रोमियो लेन’ नाइटक्लब में लगी आग ने 25 मासूम लोगों की जान ले ली। मौके पर अफरा-तफरी मची हुई थी, फायर ब्रिगेड और पुलिस लगातार रेस्क्यू में जुटी थीं, लेकिन इस दौरान क्लब के मालिक सौरभ और गौरव लूथरा का रवैया बिल्कुल विपरीत था।
जांच में खुलासा हुआ कि दोनों भाइयों ने आग बुझाने में कोई सहयोग नहीं किया, बल्कि उसी दौरान विदेश जाने की प्लानिंग में लगे हुए थे।
जांच में बड़ा खुलासा—आग के बीच मालिक MakeMyTrip पर कर रहे थे लॉग-इन
अधिकारियों से मिली जानकारी के अनुसार, लूथरा भाइयों ने 7 दिसंबर की रात 1:17 बजे MakeMyTrip पर लॉग-इन किया था, जबकि पुलिस और फायर टीमें पूरी रात आग से जूझ रही थीं।
आगे की जांच में इमिग्रेशन रिकॉर्ड से पता चला कि दोनों सुबह 5:30 बजे इंडिगो की फ्लाइट 6E 1073 से दिल्ली से फुकेत (थाईलैंड) रवाना हो गए।
यह जानकारी सामने आने के बाद सवाल उठ रहे हैं कि क्या हादसे की गंभीरता समझने के बजाय भागना उनकी पहली प्राथमिकता थी?
गिरफ्तारी से बचने की कोशिश—कोर्ट में अग्रिम जमानत की याचिका दाखिल
थाईलैंड पहुंचने के बाद दोनों भाइयों ने गिरफ्तारी से बचने के लिए अदालत में अग्रिम जमानत याचिका दायर कर दी।
अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश वंदना ने गोवा पुलिस से जवाब मांगा और सुनवाई गुरुवार तक टाल दी।
लूथरा भाइयों ने चार सप्ताह की अग्रिम जमानत मांगी है ताकि भारत लौटते ही उन्हें गिरफ्तार न किया जाए।
इसी बीच, उनके खिलाफ जारी इंटरपोल ब्लू कॉर्नर नोटिस अभी भी सक्रिय है।
पुलिस कार्रवाई—पांच कर्मचारी गिरफ्तार, जांच तेज
गोवा पुलिस ने इस पूरे मामले में नाइट क्लब के पांच प्रबंधकों और कर्मचारियों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस का कहना है कि सुरक्षा मानकों में भारी लापरवाही की गई थी, जिसके चलते आग तेजी से फैल गई और लोगों को निकलने का मौका तक नहीं मिला।
सवालों के घेरे में सुरक्षा मानक और मालिकों की जिम्मेदारी
इस हादसे ने गोवा के नाइटलाइफ सेक्टर में सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। दुर्घटना के दौरान मालिकों का विदेश भागना न सिर्फ नैतिक रूप से गलत है, बल्कि यह भी दिखाता है कि सुरक्षा और मानवीय संवेदनाओं को लेकर उनकी जिम्मेदारी कितनी कमजोर थी।
यह मामला आने वाले दिनों में कैसे आगे बढ़ेगा, यह अदालत और पुलिस की कार्रवाई पर निर्भर करेगा, लेकिन फिलहाल गोवा की जनता और पीड़ित परिवार जवाब मांग रहे हैं।