यूक्रेन के निप्रो रेलवे स्टेशन पर रूसी ड्रोन हमला, 13 लोगों की मौत; 10 घायल
रूस-यूक्रेन युद्ध के बीच यूक्रेन के निप्रो शहर में रेलवे स्टेशन पर ड्रोन हमले में कम से कम 13 लोगों की मौत हो गई और 10 अन्य घायल हुए हैं। यूक्रेनी अधिकारियों के अनुसार, रूसी ड्रोन ने उस प्लेटफॉर्म को निशाना बनाया, जहां एक लोकल ट्रेन और एक नियमित यात्री ट्रेन खड़ी थीं। हमले के बाद राहत और बचाव दल मौके पर पहुंचे। यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने घटना पर दुख जताते हुए अमेरिका, यूरोपीय संघ और G7 देशों से रूस के खिलाफ और कड़े प्रतिबंध लगाने की अपील की।
निप्रो रेलवे स्टेशन पर ड्रोन हमला, 13 लोगों की मौत
यूक्रेन के निप्रो शहर में गुरुवार, 29 अक्टूबर को रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म पर रूसी ड्रोन हमला हुआ। यूक्रेनी अधिकारियों के मुताबिक, हमले में कम से कम 13 लोगों की मौत हो गई। वहीं, 10 लोग घायल हुए हैं। घायलों को उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया गया।यूक्रेनी रेलवे के अनुसार, हमले के समय प्लेटफॉर्म पर यात्री मौजूद थे। वहां एक लोकल ट्रेन और एक निर्धारित यात्री ट्रेन खड़ी थीं। रिपोर्टों के मुताबिक, ड्रोन ने निप्रो से जापोरिज्जिया जाने वाली ट्रेन के प्लेटफॉर्म को निशाना बनाया।हमले के बाद घटनास्थल पर आपातकालीन सेवाओं, चिकित्सा कर्मियों और पुलिस ने राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। मृतकों की संख्या और घायलों की स्थिति से जुड़ी जानकारी अधिकारियों की ओर से जारी की गई।
जेलेंस्की ने जताया दुख, अंतरराष्ट्रीय मदद की अपील
यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने सोशल मीडिया पर हमले की जानकारी साझा करते हुए मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की। उन्होंने घटना को भयावह बताते हुए कहा कि प्लेटफॉर्म पर आम यात्री ट्रेनें खड़ी थीं।जेलेंस्की ने अमेरिका और यूरोपीय देशों से रूस के खिलाफ कड़े कदम उठाने की अपील भी की। उन्होंने कहा कि रूस के खिलाफ लगाए गए प्रतिबंधों में ढील देने के बजाय दबाव बढ़ाने की जरूरत है।यूक्रेनी राष्ट्रपति ने यूरोपीय संघ, अमेरिका और G7 देशों से नए और अधिक सख्त प्रतिबंध लगाने का आग्रह किया। ये मांगें यूक्रेन सरकार का आधिकारिक रुख दर्शाती हैं।
हमले से पहले जारी किया गया था खतरे का अलर्ट
यूक्रेनी रेलवे के मुताबिक, हमले से पहले क्षेत्र में खतरे को लेकर अलर्ट जारी किया गया था। इसके बावजूद प्लेटफॉर्म पर बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे। इसी दौरान ड्रोन ने रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म को निशाना बनाया।यूक्रेन में रेलवे नेटवर्क यात्रियों और सामान के परिवहन का महत्वपूर्ण साधन है। युद्ध के दौरान रेल ढांचे पर हमलों से आम लोगों की आवाजाही और आवश्यक सेवाओं पर असर पड़ सकता है।निप्रो में हुए हमले के बाद रेलवे स्टेशन पर नुकसान और यात्रियों की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है। घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की जानकारी संबंधित अधिकारियों की जांच और आधिकारिक अपडेट के आधार पर सामने आएगी।
रूस-यूक्रेन युद्ध के बीच बढ़े ड्रोन हमले
रूस और यूक्रेन के बीच फरवरी 2022 में शुरू हुआ युद्ध अब भी जारी है। दोनों पक्षों की ओर से ड्रोन और मिसाइल हमलों की खबरें सामने आती रही हैं। हाल के महीनों में ऊर्जा ढांचे, परिवहन नेटवर्क और अन्य महत्वपूर्ण ठिकानों पर हमलों को लेकर भी चिंता जताई गई है।निप्रो रेलवे स्टेशन पर हुआ हमला ऐसे समय सामने आया है, जब दोनों देशों के बीच युद्ध समाप्त करने और शांति वार्ता को आगे बढ़ाने के प्रयासों पर भी चर्चा हो रही है। हालांकि, इस हमले का व्यापक असर और आगे की स्थिति आने वाले दिनों में स्पष्ट होगी।
नागरिकों की सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंता
रेलवे स्टेशन जैसे सार्वजनिक स्थान पर हमला होने से आम नागरिकों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठे हैं। इस घटना में कई लोगों की जान गई और अन्य घायल हुए। यूक्रेनी अधिकारियों ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से रूस पर दबाव बढ़ाने की अपील की है।फिलहाल, निप्रो में राहत एवं बचाव कार्य और हमले से जुड़े घटनाक्रम पर नजर रखी जा रही है। मृतकों की पहचान, घायलों की स्थिति और रेलवे सेवाओं पर पड़े असर से जुड़ी अतिरिक्त जानकारी आधिकारिक अपडेट के बाद स्पष्ट हो सकेगी।