नसीरुद्दीन शाह पर भड़के अशोक पंडित, बोले- ‘अपना चेकअप करवाएं, मेडिकल मदद की जरूरत’
फिल्म निर्माता अशोक पंडित ने अभिनेता नसीरुद्दीन शाह की राजनीतिक टिप्पणियों और ‘दिमागी नक्सल’ बैज वाले वीडियो पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। पंडित ने शाह की भाषा और व्यवहार पर सवाल उठाते हुए उन्हें मेडिकल मदद लेने की सलाह दी। उन्होंने ‘द केरल स्टोरी’, ‘द कश्मीर फाइल्स’ और ‘धुरंधर’ जैसी फिल्मों का जिक्र करते हुए दावा किया कि इन फिल्मों की सफलता से शाह और कुछ अन्य फिल्मकार असहज हैं। ये अशोक पंडित के निजी विचार और आरोप हैं। इस बयान के बाद दोनों के बीच जुबानी बहस चर्चा में आ गई है।
‘अर्बन नक्सल गैंग’ से जुड़ा होने का लगाया आरोप
समाचार एजेंसी IANS से बातचीत में अशोक पंडित ने नसीरुद्दीन शाह के उस वीडियो पर प्रतिक्रिया दी, जिसमें अभिनेता ‘दिमागी नक्सल’ लिखा बैज पहने नजर आए थे। वीडियो में शाह ने छात्र प्रदर्शनों के प्रति सरकार के रवैये की आलोचना की थी। उन्होंने असहमति जताने वालों को ‘राष्ट्र-विरोधी’ और ‘टुकड़े-टुकड़े गैंग’ कहे जाने पर भी सवाल उठाए थे।पंडित ने आरोप लगाया कि शाह पिछले एक साल या उससे अधिक समय से लगातार ऐसी भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं, जिससे उन्हें निराशा होती है। उन्होंने अभिनेता के व्यवहार और सार्वजनिक बयानों पर आपत्ति जताई। पंडित ने शाह को ‘टुकड़े-टुकड़े गैंग’ और ‘अर्बन नक्सल गैंग’ से जुड़ा तक बताया। हालांकि, ये उनके राजनीतिक आरोप हैं और इन्हें प्रमाणित तथ्य नहीं माना जाना चाहिए।
‘द केरल स्टोरी’ और ‘धुरंधर’ की सफलता का किया जिक्र
अशोक पंडित ने नसीरुद्दीन शाह की टिप्पणियों को कुछ फिल्मों की सफलता से भी जोड़ा। उन्होंने ‘द केरल स्टोरी’, ‘द कश्मीर फाइल्स’ और ‘धुरंधर’ का उल्लेख करते हुए दावा किया कि इन फिल्मों को दर्शकों से मिल रही प्रतिक्रिया से शाह और कुछ अन्य फिल्मकार असहज हैं।पंडित ने कहा कि दर्शकों की पसंद में बदलाव आया है और लोग अलग-अलग विषयों पर बनी फिल्मों को देखने के लिए तैयार हैं। उन्होंने इस बदलाव को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सत्ता में आने के बाद देश में आई सोच से भी जोड़ा। हालांकि, शाह की टिप्पणियों और इन फिल्मों की सफलता के बीच किसी संबंध का स्वतंत्र प्रमाण उन्होंने पेश नहीं किया।
नसीरुद्दीन शाह को मेडिकल मदद लेने की सलाह
पंडित ने अपने बयान में नसीरुद्दीन शाह को अपना चेकअप कराने और जरूरत पड़ने पर विशेषज्ञ से मदद लेने की सलाह दी। उन्होंने अभिनेता के गुस्से और व्यवहार को लेकर टिप्पणी की। साथ ही आरोप लगाया कि शाह ने अनुपम खेर, शाहरुख खान, अमिताभ बच्चन और सुभाष घई सहित फिल्म जगत की कई हस्तियों के खिलाफ अपशब्दों का इस्तेमाल किया है।पंडित ने कहा कि शाह को अपने व्यवहार पर ध्यान देना चाहिए। उनकी यह टिप्पणी अभिनेता की राजनीतिक अभिव्यक्ति और सार्वजनिक बयानों को लेकर जारी विवाद के बीच आई है। हालांकि, किसी व्यक्ति की राजनीतिक राय या सार्वजनिक टिप्पणी के आधार पर उसकी मानसिक या चिकित्सकीय स्थिति के बारे में निष्कर्ष निकालना उचित नहीं है।
छात्र प्रदर्शनों पर नसीरुद्दीन शाह ने क्या कहा था?
नसीरुद्दीन शाह ने सोशल मीडिया पर साझा किए गए एक वीडियो में छात्र विरोध प्रदर्शनों को लेकर सरकार के रवैये की आलोचना की थी। उन्होंने जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) में पहले हुए प्रदर्शनों का उल्लेख करते हुए जामिया मिलिया इस्लामिया में हुए विरोध प्रदर्शनों से उनकी तुलना की।शाह ने सवाल उठाया था कि सरकार के खिलाफ असहमति जताने वाले लोगों को ‘राष्ट्र-विरोधी’ या ‘टुकड़े-टुकड़े गैंग’ जैसे नाम क्यों दिए जाते हैं। उनके इसी वीडियो और राजनीतिक टिप्पणियों पर अशोक पंडित ने आपत्ति जताई।
राजनीतिक विचारों को लेकर फिल्म जगत में जुबानी बहस
नसीरुद्दीन शाह और अशोक पंडित के बीच विवाद राजनीतिक विचारों, फिल्मों और सार्वजनिक बयानों को लेकर सामने आया है। शाह ने छात्र प्रदर्शनों और असहमति के अधिकार पर सवाल उठाए, जबकि पंडित ने उनकी टिप्पणियों की आलोचना की।फिलहाल, पंडित के बयान को उनकी व्यक्तिगत प्रतिक्रिया के रूप में देखा जाना चाहिए। दोनों के विचारों पर चर्चा के बीच यह जरूरी है कि राजनीतिक आरोपों, व्यक्तिगत टिप्पणियों और प्रमाणित तथ्यों के बीच अंतर रखा जाए।