राजस्थान के निर्यात को मिलेगी नई उड़ान, जयपुर एयर कार्गो का कारोबार रिकॉर्ड स्तर पर
जयपुर। राजस्थान के निर्यात कारोबार के लिए जयपुर एयर कार्गो कॉम्प्लेक्स से बड़ी खबर सामने आई है। राजस्थान लघु उद्योग निगम लिमिटेड यानी राजसिको की ओर से संचालित जयपुर एयर कार्गो कॉम्प्लेक्स ने सितंबर 2026 में रिकॉर्ड वित्तीय कारोबार दर्ज किया है। सितंबर में कॉम्प्लेक्स का मासिक कारोबार 1.93 करोड़ रुपए पहुंच गया। वर्ष 1979 में स्थापना के बाद यह किसी एक महीने में दर्ज किया गया अब तक का सर्वाधिक कारोबार बताया गया है।इस रिकॉर्ड के साथ जयपुर एयर कार्गो में आयात-निर्यात गतिविधियों में भी तेजी दिखाई दी है। सितंबर में कुल 276.807 मीट्रिक टन कार्गो का संचालन हुआ। इसका कुल व्यापारिक मूल्य 2,776.91 करोड़ रुपए रहा। नई सुविधाओं और विस्तार के बाद राजस्थान के निर्यातकों को अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंच में और आसानी मिलने की उम्मीद है।
सितंबर में 276.8 मीट्रिक टन कार्गो का संचालन
सितंबर 2026 में जयपुर एयर कार्गो कॉम्प्लेक्स के जरिए 276.807 मीट्रिक टन आयात-निर्यात कार्गो संभाला गया। इसमें निर्यात की हिस्सेदारी सबसे अधिक रही।कुल कार्गो में 211.261 मीट्रिक टन निर्यात कार्गो था। इसका व्यापारिक मूल्य करीब 1,557.07 करोड़ रुपए रहा। वहीं 65.546 मीट्रिक टन आयात कार्गो का व्यापारिक मूल्य करीब 1,219.83 करोड़ रुपए दर्ज किया गया।इन आंकड़ों से जयपुर एयर कार्गो की राजस्थान के अंतरराष्ट्रीय व्यापार में बढ़ती भूमिका का अंदाजा लगाया जा सकता है।
कस्टम्स क्लीयरेंस से कारोबार को मिली रफ्तार
जयपुर एयर कार्गो के रिकॉर्ड कारोबार में कस्टम्स विभाग के सहयोग को भी अहम माना जा रहा है। कार्गो क्लीयरेंस प्रक्रिया को प्रभावी बनाने से आयात और निर्यात की गतिविधियों को गति मिलने की उम्मीद है।राजसिको की ओर से निर्यातकों और आयातकों को समयबद्ध सेवाएं उपलब्ध कराने पर जोर दिया जा रहा है। इसके अलावा कस्टम्स, एयरलाइंस, फ्रेट फॉरवर्डर्स, क्लियरिंग एजेंट्स और अन्य संबंधित पक्षों के बीच बेहतर समन्वय की कोशिश की जा रही है।इससे कार्गो की हैंडलिंग से लेकर क्लीयरेंस तक की प्रक्रिया को अधिक सुगम बनाने में मदद मिल सकती है।
हैंडलिंग व्यवस्था में भी हुआ बदलाव
जयपुर एयर कार्गो कॉम्प्लेक्स की संचालन व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए सितंबर 2026 से गोविन्दम क्लियरिंग एजेंसी प्राइवेट लिमिटेड को हैंडलिंग एवं परिवहन ठेकेदार नियुक्त किया गया है।नई व्यवस्था के जरिए कार्गो की आवाजाही और परिवहन को अधिक व्यवस्थित बनाने का प्रयास किया जा रहा है। इससे कार्गो की हैंडलिंग और लॉजिस्टिक्स प्रक्रिया में समय बचाने की उम्मीद है।
नई एक्सटेंशन सुविधा से बढ़ेगी क्षमता
जयपुर एयर कार्गो के विस्तार की दिशा में नई एक्सटेंशन सुविधा को अहम माना जा रहा है। आईसीडी, जयपुर परिसर में विकसित एयर कार्गो कॉम्प्लेक्स एक्सटेंशन सुविधा को चरणबद्ध तरीके से शुरू करने की तैयारी है।इस नई सुविधा में कई आधुनिक व्यवस्थाएं विकसित की गई हैं। इनमें एक्सप्रेस कार्गो क्लीयरेंस सिस्टम, कोल्ड स्टोरेज और डाक निर्यात केंद्र शामिल हैं।इन सुविधाओं के शुरू होने के बाद जयपुर से अंतरराष्ट्रीय कार्गो भेजने और मंगाने की क्षमता में बढ़ोतरी हो सकती है।
ई-कॉमर्स कारोबार और छोटे निर्यातकों को फायदा
एक्सप्रेस कार्गो क्लीयरेंस सिस्टम से ई-कॉमर्स और छोटे मूल्य के अंतरराष्ट्रीय शिपमेंट को फायदा मिलने की उम्मीद है। इससे छोटे कार्गो के कस्टम्स क्लीयरेंस में समय कम हो सकता है।वहीं डाक निर्यात केंद्र छोटे कारोबारियों और ई-कॉमर्स कंपनियों को विदेशों तक उत्पाद भेजने का अतिरिक्त विकल्प देगा। इससे राजस्थान के छोटे निर्यातकों को अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंच बनाने में मदद मिल सकती है।
कोल्ड स्टोरेज से कृषि उत्पादों के निर्यात को बढ़ावा
नई सुविधा में कोल्ड स्टोरेज की व्यवस्था भी विकसित की गई है। इसका फायदा तापमान-संवेदनशील उत्पादों के निर्यात में मिल सकता है।फल, सब्जियां, खाद्य सामग्री और अन्य ऐसे उत्पाद जिन्हें नियंत्रित तापमान में रखना जरूरी होता है, उन्हें एयर कार्गो के जरिए सुरक्षित तरीके से भेजने में सुविधा होगी। इससे राजस्थान के कृषि और खाद्य उत्पादों के निर्यात की संभावनाएं बढ़ सकती हैं।
राजस्थान को वैश्विक सप्लाई चेन से जोड़ने की कोशिश
राजसिको का लक्ष्य जयपुर एयर कार्गो कॉम्प्लेक्स को राजस्थान के प्रमुख एयर कार्गो और लॉजिस्टिक्स केंद्र के रूप में विकसित करना है। रिकॉर्ड कारोबार और नई सुविधाओं के विस्तार को इसी दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।नई व्यवस्था से निर्यातकों के लिए समय और लॉजिस्टिक्स लागत कम करने में मदद मिल सकती है। साथ ही राजस्थान के हस्तशिल्प, एमएसएमई उत्पाद, स्टार्टअप और पारंपरिक उत्पादों को विदेशी बाजारों तक पहुंचाने का रास्ता आसान होने की उम्मीद है।अगर नई सुविधाएं पूरी क्षमता के साथ संचालित होती हैं, तो जयपुर एयर कार्गो राजस्थान के निर्यात कारोबार को नई गति देने वाला महत्वपूर्ण केंद्र बन सकता है।