सत्य निकेतन हादसे पर JDU की प्रतिक्रिया, श्याम रजक बोले- सही जांच हो
इंट्रो:
दिल्ली के सत्य निकेतन में इमारत गिरने की घटना के बाद राजनीतिक प्रतिक्रियाओं का दौर जारी है। हादसे में कई लोगों की मौत हुई है, जबकि कुछ लोग घायल हुए हैं। इस घटना पर जनता दल यूनाइटेड (JDU) के विधायक श्याम रजक ने दुख जताते हुए मामले की सही तरीके से जांच कराने की मांग की है। उन्होंने कहा कि हादसे की जांच के लिए कमेटी बनाई गई है और रिपोर्ट सामने आने के बाद आगे की कार्रवाई को लेकर फैसला किया जाएगा। वहीं, घटना को लेकर दिल्ली में आम आदमी पार्टी, कांग्रेस और बीजेपी के बीच आरोप-प्रत्यारोप भी तेज हो गए हैं।
सत्य निकेतन हादसे पर श्याम रजक ने जताया दुख
JDU विधायक श्याम रजक ने सत्य निकेतन में इमारत गिरने की घटना पर शोक व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि हादसा बेहद दुखद है और इस मामले में पूरी गंभीरता से जांच की जरूरत है। उनके मुताबिक घटना के कारणों का पता लगाने के लिए जांच प्रक्रिया चल रही है। श्याम रजक ने कहा कि हादसे की पूरी तस्वीर जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद स्पष्ट होगी और उसके आधार पर आगे की कार्रवाई पर चर्चा की जाएगी।
जांच के लिए बनाई गई कमेटी, रिपोर्ट का इंतजार
श्याम रजक के अनुसार इमारत गिरने की घटना की जांच के लिए कमेटी गठित की गई है। जांच अधिकारी हादसे से जुड़े तथ्यों को जुटा रहे हैं। उन्होंने कहा कि जांच पूरी होने और रिपोर्ट सामने आने के बाद यह तय किया जाएगा कि मामले में आगे क्या कार्रवाई की जानी है। उनका कहना है कि इस तरह की घटनाओं में जिम्मेदारी तय करने से पहले पूरे मामले की सही तरीके से जांच होना जरूरी है।
मृतकों के पोस्टमार्टम और घायलों के इलाज की जानकारी
JDU विधायक ने हादसे के बाद चल रही प्रशासनिक कार्रवाई का भी जिक्र किया। उन्होंने बताया कि मृतकों के पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी कर शव परिजनों को सौंपे जा रहे हैं। वहीं घायल लोगों का अस्पताल में इलाज जारी है। उन्होंने यह भी कहा कि घटनास्थल से मलबा हटाने का काम किया जा चुका है और जांच अधिकारी मामले की पड़ताल में जुटे हैं।
हादसे के बाद गिरफ्तारी और पूछताछ का दौर
श्याम रजक ने कहा कि मामले में कुछ लोगों की गिरफ्तारी और उन्हें रिमांड पर लेने की कार्रवाई भी चल रही है। हालांकि उन्होंने इस कार्रवाई के साथ जांच रिपोर्ट का इंतजार करने की बात कही। उनके मुताबिक हादसा किन परिस्थितियों में हुआ और इसके लिए कौन जिम्मेदार है, यह जांच के बाद स्पष्ट होगा। इसके बाद ही आगे की कार्रवाई पर अंतिम रूप से चर्चा की जाएगी।
सत्य निकेतन हादसे पर दिल्ली में सियासत तेज
इमारत गिरने की घटना के बाद दिल्ली में राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है। विपक्ष जहां सरकार से जवाबदेही और कार्रवाई की मांग कर रहा है, वहीं सत्तापक्ष की ओर से विपक्ष पर हादसे को राजनीतिक मुद्दा बनाने का आरोप लगाया जा रहा है। इस घटनाक्रम ने हादसे के साथ-साथ दिल्ली में इमारतों की सुरक्षा और प्रशासनिक निगरानी को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं।
बीजेपी और AAP के बीच आरोप-प्रत्यारोप
मोती नगर के विधायक और दिल्ली सरकार के प्रवक्ता हरीश खुराना ने आरोप लगाया कि आम आदमी पार्टी और कांग्रेस सत्य निकेतन की दुखद घटना को लेकर राजनीति कर रही हैं। इसके जवाब में AAP दिल्ली अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने दावा किया कि सत्य निकेतन स्थित PG के वास्तविक मालिक बीजेपी के बड़े नेता हैं। दोनों पक्षों के इन बयानों के बाद मामला राजनीतिक विवाद में बदल गया है। हालांकि इन दावों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
जांच रिपोर्ट से साफ होगी जिम्मेदारी
सत्य निकेतन हादसे में राहत और बचाव के बाद अब जांच पर नजर है। हादसे के कारण, इमारत की स्थिति और सुरक्षा मानकों से जुड़े पहलुओं की जांच के बाद ही जिम्मेदारी तय हो सकेगी। JDU विधायक श्याम रजक ने भी इसी आधार पर सही तरीके से जांच कराने की जरूरत बताई है। जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि हादसे के लिए किन लोगों या संस्थाओं की जिम्मेदारी बनती है और उनके खिलाफ क्या कार्रवाई की जाएगी।