खाटूश्यामजी दर्शन से पहले दर्दनाक हादसा, ट्रक में घुसी कार; 4 की मौत
: राजस्थान के सीकर जिले में स्थित खाटूश्यामजी के दर्शन के लिए निकला एक परिवार मध्य प्रदेश में दर्दनाक सड़क हादसे का शिकार हो गया। दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर शिवगढ़ के पास देर रात तेज रफ्तार कार सड़क किनारे खड़े ट्रक में पीछे से जा घुसी। टक्कर इतनी भीषण थी कि कार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और उसमें सवार लोग अंदर फंस गए। हादसे में तीन महिलाओं और एक पुरुष समेत चार लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो बच्चों समेत पांच लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस और एनएचएआई की टीम ने मौके पर पहुंचकर राहत एवं बचाव अभियान चलाया।
खाटूश्यामजी दर्शन के लिए निकला था परिवार
जानकारी के अनुसार परिवार मध्य प्रदेश के झाबुआ जिले के पारा क्षेत्र से खाटूश्यामजी के दर्शन के लिए राजस्थान की ओर रवाना हुआ था। परिवार के सदस्य धार्मिक यात्रा को लेकर उत्साहित थे, लेकिन रास्ते में हुए हादसे ने खुशियों को मातम में बदल दिया। देर रात दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर शिवगढ़ के पास उनकी कार दुर्घटनाग्रस्त हो गई। कार में कुल नौ लोग सवार बताए जा रहे हैं। हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। दुर्घटना की सूचना मिलने पर आसपास के लोग और राहत दल मौके पर पहुंचे तथा घायलों को कार से बाहर निकालने का प्रयास शुरू किया।
सड़क किनारे खड़े ट्रक में जा घुसी कार
बताया जा रहा है कि राजस्थान नंबर का ट्रक RJ 14 GP 7281 तकनीकी खराबी के कारण एक्सप्रेसवे के किनारे खड़ा था। इसी दौरान रात के अंधेरे में तेज रफ्तार कार ट्रक के पीछे जा टकराई। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि कार का अगला हिस्सा पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। हादसे के बाद कार घिसटते हुए आगे गई और फिर पलट गई। दुर्घटना के कारण कार में सवार लोग अंदर फंस गए। राहत दल को उन्हें बाहर निकालने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। हादसे की भयावहता का अंदाजा कार की बुरी तरह क्षतिग्रस्त स्थिति से लगाया जा सकता है।
तीन महिलाओं और एक पुरुष की मौत
भीषण टक्कर में कार सवार नौ लोगों में से चार की मौके पर ही मौत हो गई। मृतकों में तीन महिलाएं और एक पुरुष शामिल बताए जा रहे हैं। वहीं, दो बच्चों समेत पांच लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। हादसे की सूचना मिलते ही घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका उपचार जारी है। दुर्घटना की खबर परिवार के अन्य सदस्यों तक पहुंचते ही अस्पताल में भीड़ जुटने लगी। अपनों को खोने के बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। खाटूश्यामजी के दर्शन की उम्मीद लेकर निकले परिवार के लिए यह यात्रा बेहद दर्दनाक हादसे में बदल गई।
एनएचएआई और पुलिस ने संभाला मोर्चा
हादसे की सूचना मिलते ही एनएचएआई की एंबुलेंस और शिवगढ़ थाना पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। दुर्घटनाग्रस्त कार में फंसे लोगों को निकालने के लिए राहत दल ने अभियान चलाया। काफी मशक्कत के बाद घायलों और मृतकों को कार से बाहर निकाला गया। घायलों को दो एंबुलेंस की मदद से देर रात मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचाया गया। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर दुर्घटना से जुड़े साक्ष्य जुटाए। राहत कार्य के दौरान एक्सप्रेसवे पर कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ। पुलिस और राहत दल ने स्थिति को संभालते हुए घायलों को समय पर अस्पताल पहुंचाया।
झाबुआ के साथ इंदौर और धार से जुड़े हैं पीड़ित
पुलिस के अनुसार हादसे का शिकार हुआ परिवार झाबुआ जिले के पारा क्षेत्र के अलावा इंदौर और धार से भी जुड़ा हुआ बताया जा रहा है। दुर्घटना की जानकारी मिलने के बाद परिजन रात में ही अस्पताल पहुंच गए। अस्पताल में अपनों की मौत की खबर से परिवार में मातम पसरा हुआ है। दूसरी ओर घायल लोगों के उपचार को लेकर परिजन चिंतित हैं। पुलिस अब मृतकों की पहचान और हादसे से जुड़ी अन्य औपचारिकताओं को पूरा करने में जुटी है। हादसे के बाद पुलिस ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है।
हादसे की वजह की जांच में जुटी पुलिस
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि हादसा किन परिस्थितियों में हुआ। प्रारंभिक जानकारी में सड़क किनारे तकनीकी खराबी के कारण ट्रक खड़ा होने की बात सामने आई है। पुलिस वाहन की गति, रात के समय दृश्यता और एक्सप्रेसवे पर खड़े ट्रक की स्थिति समेत विभिन्न पहलुओं की जांच कर रही है। हादसे की वास्तविक वजह जांच पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी। इस दर्दनाक दुर्घटना ने एक बार फिर रात के समय एक्सप्रेसवे पर खड़े खराब वाहनों की सुरक्षा व्यवस्था और सड़क सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं।