15 साल के वैभव सूर्यवंशी के मुरीद हुए मयंक यादव, बोले- ‘उसकी बल्लेबाजी पर यकीन करना मुश्किल’
भारत के युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने जिम्बाब्वे के खिलाफ पहले टी20 मुकाबले में तूफानी अर्धशतक लगाकर सभी का ध्यान अपनी ओर खींच लिया। महज 15 साल की उम्र में रिकॉर्डतोड़ पारी खेलने वाले वैभव की बल्लेबाजी से तेज गेंदबाज मयंक यादव भी बेहद प्रभावित नजर आए। उन्होंने कहा कि इतनी कम उम्र में इस तरह की बल्लेबाजी देखना अविश्वसनीय है।
वैभव की बल्लेबाजी से हैरान हुए मयंक यादव
पहले टी20 मुकाबले में शानदार गेंदबाजी के लिए ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ चुने गए मयंक यादव ने मैच के बाद वैभव सूर्यवंशी की खुलकर तारीफ की। उन्होंने कहा कि वैभव जिस आत्मविश्वास और आक्रामक अंदाज से बल्लेबाजी करते हैं, उसे देखकर विश्वास करना मुश्किल होता है। मयंक के मुताबिक, इतनी कम उम्र में किसी बल्लेबाज का अंतरराष्ट्रीय स्तर के गेंदबाजों के खिलाफ इस तरह बेखौफ खेलना बेहद खास बात है।
आईपीएल से ही दिखा था वैभव का दम
मयंक यादव ने बताया कि वैभव की प्रतिभा की झलक उन्हें आईपीएल के दौरान भी मिल चुकी थी। उन्होंने कहा कि जब उनकी टीम का मुकाबला राजस्थान रॉयल्स से हुआ था, तब भी वैभव ने उनकी गेंदबाजी पर शानदार शॉट लगाए थे। अब भारतीय टीम में उनके साथ खेलना खुशी की बात है और उनका प्रदर्शन भविष्य के लिए काफी उम्मीदें जगाता है।
18 गेंदों में अर्धशतक, बना विश्व रिकॉर्ड
हरारे स्पोर्ट्स क्लब में खेले गए मुकाबले में वैभव सूर्यवंशी ने केवल 18 गेंदों में अर्धशतक पूरा कर नया इतिहास रच दिया। 15 साल 118 दिन की उम्र में वह पुरुष टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे कम उम्र में फिफ्टी लगाने वाले बल्लेबाज बन गए। उन्होंने इस उपलब्धि के साथ जिब्राल्टर के लुइस ब्रूस का रिकॉर्ड भी पीछे छोड़ दिया।
श्रेयस अय्यर ने भी की युवा बल्लेबाज की सराहना
भारतीय कप्तान श्रेयस अय्यर ने भी वैभव की पारी की तारीफ करते हुए कहा कि उन्हें हरारे की परिस्थितियों का अच्छा अनुभव है। अय्यर ने बताया कि वैभव पहले भी यहां अंडर-19 स्तर पर बड़ी पारी खेल चुके हैं, इसलिए उन्होंने मैच में उसी आत्मविश्वास के साथ बल्लेबाजी की। कप्तान ने टीम के सामूहिक प्रदर्शन और जीत का श्रेय सभी खिलाड़ियों को दिया।
भारत ने 7 विकेट से दर्ज की आसान जीत
मुकाबले में पहले गेंदबाजी करते हुए भारत ने जिम्बाब्वे को 125 रन पर रोक दिया। इसके बाद भारतीय बल्लेबाजों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए लक्ष्य को 7 विकेट शेष रहते और 40 गेंद पहले ही हासिल कर लिया। मयंक यादव की धारदार गेंदबाजी और वैभव सूर्यवंशी की विस्फोटक बल्लेबाजी भारत की जीत की सबसे बड़ी वजह रही।