राजकोट में पूर्व AAP प्रत्याशी की संदिग्ध मौत, परिवार ने लिव-इन पार्टनर पर हत्या का लगाया आरोप
गुजरात के राजकोट में आम आदमी पार्टी (AAP) की पूर्व उम्मीदवार नंदनी बोसमिया की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत ने नया मोड़ ले लिया है। फ्लैट में फंदे से लटका शव मिलने के बाद शुरुआती जांच में मामला आत्महत्या का प्रतीत हुआ, लेकिन परिजनों ने इसे हत्या बताते हुए नंदनी के लिव-इन पार्टनर पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पुलिस अब सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है, जबकि राज्य महिला आयोग ने भी मामले की रिपोर्ट तलब की है।
फ्लैट में मिला शव, शुरुआती जांच में आत्महत्या की आशंका
पुलिस के अनुसार 23 वर्षीय नंदनी बोसमिया का शव राजकोट के गोंडल चौकड़ी क्षेत्र स्थित एक फ्लैट में फंदे से लटका मिला। सूचना मिलने पर एम्बुलेंस और पुलिस टीम मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने बताया कि फ्लैट का दरवाजा अंदर से बंद था, जिसके आधार पर शुरुआती स्तर पर मामला आत्महत्या का प्रतीत हुआ। हालांकि पुलिस ने स्पष्ट किया है कि अंतिम निष्कर्ष पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फोरेंसिक जांच और अन्य साक्ष्यों के आधार पर ही निकाला जाएगा। इसलिए मामले की हर संभावना की जांच जारी है।
परिवार ने लिव-इन पार्टनर पर लगाए गंभीर आरोप
मृतका के परिजनों ने नंदनी के लिव-इन पार्टनर असलम हुसैन पर हत्या का आरोप लगाया है। परिवार का दावा है कि आरोपी नंदनी को लंबे समय से मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित कर रहा था। परिजनों के अनुसार शव पर गर्दन, हाथ और चेहरे पर चोट के निशान दिखाई दिए, जबकि कमरे की हालत भी अस्त-व्यस्त थी। उनका आरोप है कि पहले हत्या की गई और बाद में घटना को आत्महत्या का रूप देने की कोशिश की गई। पुलिस ने परिवार की शिकायत दर्ज कर आरोपों की जांच शुरू कर दी है।
जांच में सामने आए रिश्ते से जुड़े तथ्य
पुलिस जांच में सामने आया है कि नंदनी अपने लिव-इन पार्टनर के साथ रह रही थीं। जांच के दौरान यह भी जानकारी मिली कि आरोपी पहले से विवाहित है और उसका एक बच्चा भी है। परिजनों का आरोप है कि इसी वजह से दोनों के बीच पिछले कुछ महीनों से लगातार विवाद चल रहा था। उनका कहना है कि आरोपी अपनी पत्नी और परिवार से मिलने जाता था, जिससे रिश्ते में तनाव बढ़ता गया। पुलिस इन सभी दावों की स्वतंत्र रूप से जांच कर रही है।
महिला आयोग ने मांगी रिपोर्ट, पुलिस जुटा रही साक्ष्य
मामले की गंभीरता को देखते हुए राज्य महिला आयोग ने भी पुलिस से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। पुलिस ने घटनास्थल से मिले साक्ष्य, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फोरेंसिक जांच के आधार पर मामले की जांच तेज कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि अभी किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी। सभी वैज्ञानिक और डिजिटल साक्ष्यों का विश्लेषण किया जा रहा है तथा जांच पूरी होने के बाद उपलब्ध तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी.