Rajasthan Budget 11 February 2026: 6 शहरों में बनेंगे हाई-टेक विश्रामगृह, शुरू होंगे ‘अटल आरोग्य फूड कोर्ट’
अस्पतालों में मरीजों के परिजनों को राहत, ‘मोक्ष वाहिनी’ सेवा भी होगी शुरू
जयपुर। राजस्थान बजट 2026 में स्वास्थ्य सुविधाओं को मानवीय दृष्टिकोण से मजबूत करने की दिशा में अहम घोषणाएं की गई हैं। वित्त मंत्री दिया कुमारी ने विधानसभा में बजट पेश करते हुए अस्पतालों में इलाज के साथ-साथ मरीजों के परिजनों की सुविधाओं को प्राथमिकता देने का ऐलान किया। राज्य के छह प्रमुख शहरों में हाई-टेक विश्रामगृह बनाए जाएंगे, वहीं अस्पताल परिसरों में ‘अटल आरोग्य फूड कोर्ट’ स्थापित किए जाएंगे। इसके अलावा सड़क दुर्घटनाओं में मृतकों के पार्थिव शरीर को घर तक सम्मानपूर्वक पहुंचाने के लिए निशुल्क ‘मोक्ष वाहिनी’ सेवा शुरू की जाएगी।
6 मेडिकल कॉलेज अस्पतालों में बनेंगे अत्याधुनिक विश्रामगृह
जयपुर, अजमेर, बीकानेर, उदयपुर, कोटा और जोधपुर के मेडिकल कॉलेजों से जुड़े अस्पतालों में अत्याधुनिक विश्रामगृह (Shelter Homes) बनाए जाएंगे।
इन विश्रामगृहों का उद्देश्य दूर-दराज से इलाज के लिए आने वाले मरीजों के परिजनों को सुरक्षित और सम्मानजनक ठहरने की सुविधा उपलब्ध कराना है। अभी तक परिजनों को निजी धर्मशालाओं या खुले स्थानों पर रुकना पड़ता था, जिससे उन्हें आर्थिक और मानसिक परेशानियों का सामना करना पड़ता था। नई व्यवस्था से इस समस्या का समाधान होगा।
‘अटल आरोग्य फूड कोर्ट’ के लिए 100 करोड़ का प्रावधान
अस्पताल परिसर में ही मरीजों, स्टाफ और मेडिकल विद्यार्थियों को सस्ती दर पर पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराने के लिए ‘अटल आरोग्य फूड कोर्ट’ स्थापित किए जाएंगे।
सरकार ने इस योजना के लिए 100 करोड़ रुपए का बजट आवंटित किया है। इससे अस्पतालों में भोजन की गुणवत्ता और स्वच्छता में सुधार होगा तथा मरीजों और उनके परिजनों को बाहर महंगे और अस्वास्थ्यकर विकल्पों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा।
सड़क दुर्घटना पीड़ितों के लिए निशुल्क ‘मोक्ष वाहिनी’ सेवा
सरकार ने सड़क दुर्घटनाओं में जान गंवाने वाले मृतकों के पार्थिव शरीर को अस्पताल की मोर्चरी से उनके घर तक सम्मानपूर्वक पहुंचाने के लिए ‘मोक्ष वाहिनी’ सेवा शुरू करने की घोषणा की है।
यह सेवा पूरी तरह निशुल्क होगी, जिससे आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को कठिन समय में अतिरिक्त बोझ नहीं उठाना पड़ेगा। यह पहल संवेदनशील शासन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
आयुर्वेद अस्पतालों का बुनियादी ढांचा होगा मजबूत
प्रदेश के आयुर्वेद अस्पतालों में आधारभूत ढांचे को मजबूत करने के लिए विशेष कार्य किए जाएंगे। इससे पारंपरिक चिकित्सा पद्धति को बढ़ावा मिलेगा और ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच बेहतर होगी।
स्वास्थ्य सेवाओं में मानवीय संवेदना पर जोर
इस बजट में स्वास्थ्य क्षेत्र की घोषणाएं केवल इलाज तक सीमित नहीं हैं, बल्कि मरीजों और उनके परिजनों की गरिमा और सुविधा पर भी केंद्रित हैं। विश्रामगृह, सस्ते भोजन की व्यवस्था और ‘मोक्ष वाहिनी’ जैसी योजनाएं सामाजिक संवेदनशीलता को दर्शाती हैं।