IAS टीना डाबी का सख्त फैसला: विवादों में घिरे युवक से वापस लिया गया गणतंत्र दिवस सम्मानगणतंत्र दिवस समारोह में हुई चूक पर तुरंत कार्रवाई
राजस्थान के बाड़मेर जिले में 26 जनवरी 2026 को आयोजित जिला स्तरीय गणतंत्र दिवस समारोह में एक युवक को सम्मानित किए जाने का मामला विवादों में आ गया। आरोप है कि सम्मानित युवक का नाम एक डीपफेक वीडियो प्रकरण से जुड़ा हुआ है। मामला सामने आते ही जिला कलेक्टर आईएएस टीना डाबी ने त्वरित संज्ञान लेते हुए कड़ा फैसला लिया।
डीपफेक वीडियो केस से जुड़ा है मामला
सम्मानित युवक पर भरतपुर जिले के बयाना थाने में एक जनप्रतिनिधि से जुड़े डीपफेक वीडियो मामले में संलिप्त होने का आरोप है। इस तथ्य के सामने आने के बाद बयाना से निर्दलीय विधायक ऋतू बनावत ने सार्वजनिक रूप से नाराजगी जाहिर की और प्रशासन से कार्रवाई की मांग की।
कलेक्टर टीना डाबी ने लिया त्वरित और निर्णायक एक्शन
शिकायत मिलते ही बाड़मेर कलेक्टर आईएएस टीना डाबी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल पुलिस अधीक्षक से विस्तृत रिपोर्ट तलब की। एसपी की रिपोर्ट में युवक के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामला दर्ज होने की पुष्टि हुई। इसके बाद कलेक्टर ने आदेश जारी कर युवक को दिया गया प्रशस्ति पत्र और जिला स्तरीय सम्मान तत्काल प्रभाव से वापस लेने के निर्देश दिए।
जिम्मेदार अधिकारियों पर भी गिरी गाज
केवल सम्मान वापस लेने तक ही सीमित न रहते हुए आईएएस टीना डाबी ने इस प्रशासनिक चूक के लिए जिम्मेदार कार्मिकों के खिलाफ विभागीय जांच के आदेश भी जारी किए हैं। प्रशासन का कहना है कि बिना समुचित सत्यापन के सम्मान दिए जाने को गंभीर लापरवाही माना गया है।
आरोपी युवक ने आरोपों को बताया निराधार
विवादों में घिरे युवक दिनेश मांजू ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को खारिज किया है। उनका कहना है कि केवल आरोप लगने से कोई व्यक्ति दोषी नहीं हो जाता। उन्होंने दावा किया कि वे लंबे समय से पर्यावरण संरक्षण, खेजड़ी वृक्ष और वन्यजीव संरक्षण के क्षेत्र में सक्रिय रूप से काम कर रहे हैं।
मानहानि की कार्रवाई की चेतावनी
आरोपी युवक ने यह भी कहा है कि यदि बिना अंतिम निर्णय के उनकी छवि को नुकसान पहुंचाया गया तो वे मानहानि की कानूनी कार्रवाई करेंगे। फिलहाल मामला जांच के अधीन है और प्रशासनिक स्तर पर कार्रवाई जारी है।