साल के आखिरी दिन शेयर बाजार में तेजी, सेंसेक्स 200 अंक उछला, निफ्टी 26,000 के पार
✨ नए साल से पहले बाजार ने दी राहत
साल 2025 के आखिरी कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार ने सकारात्मक संकेत दिए. कई दिनों की सुस्ती और गिरावट के बाद बुधवार सुबह बाजार हरे निशान में खुला. सेंसेक्स और निफ्टी दोनों में शुरुआती तेजी देखने को मिली, जिससे शॉर्ट टर्म निवेशकों को राहत मिली और नए साल से पहले बाजार का माहौल थोड़ा बेहतर हुआ.
📈 सेंसेक्स में जोरदार शुरुआत, 200 अंकों से ज्यादा की बढ़त
बुधवार सुबह बीएसई सेंसेक्स ने मजबूती के साथ कारोबार की शुरुआत की. करीब 9:30 बजे सेंसेक्स 212 अंकों की तेजी के साथ 84,887 के स्तर पर ट्रेड करता दिखा.
साल के आखिरी दिन आई यह बढ़त बताती है कि निवेशक नए साल से पहले कुछ चुनिंदा शेयरों में खरीदारी कर रहे हैं, खासकर उन स्टॉक्स में जो हालिया गिरावट के बाद आकर्षक स्तर पर आ गए थे.
📊 निफ्टी ने फिर छुआ 26,000 का अहम स्तर
एनएसई का प्रमुख इंडेक्स निफ्टी 50 भी हरे निशान में खुला. शुरुआती कारोबार में निफ्टी करीब 70 अंकों की तेजी के साथ 26,009 के ऊपर पहुंच गया.
26,000 का स्तर तकनीकी रूप से अहम माना जाता है. इस स्तर के ऊपर टिके रहना नए साल की शुरुआत में बाजार के लिए मनोवैज्ञानिक मजबूती का संकेत हो सकता है.
⏸️ एक दिन पहले बाजार में दिखी थी सुस्ती
मंगलवार को शेयर बाजार में सीमित दायरे में कारोबार देखने को मिला था. विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली और वैश्विक बाजारों से मिले कमजोर संकेतों के चलते निवेशक सतर्क नजर आए थे.
- सेंसेक्स 84,675 पर बंद हुआ
- निफ्टी 25,938 के स्तर पर क्लोज हुआ
साल के अंतिम सप्ताह में आमतौर पर वॉल्यूम कम रहता है, जिससे बाजार में सुस्ती बनी रहती है. मंगलवार का सत्र भी इसी ट्रेंड को दर्शाता है.
🔄 पांच दिन की गिरावट के बाद बाजार को मिली राहत
मंगलवार को सेंसेक्स लगातार पांचवें दिन गिरावट के साथ बंद हुआ था. हालांकि गिरावट ज्यादा बड़ी नहीं थी, लेकिन बाजार में थकावट साफ दिख रही थी. ऐसे में साल के आखिरी कारोबारी दिन आई तेजी को राहत भरी वापसी माना जा रहा है.
लगातार गिरावट के बाद हल्की तेजी यह संकेत देती है कि फिलहाल बाजार निचले स्तरों पर सपोर्ट ढूंढने की कोशिश कर रहा है.
🔮 अब निवेशकों की नजर 2026 की शुरुआत पर
अब बाजार की निगाहें नए साल 2026 पर टिकी हैं. आने वाले दिनों में कंपनियों के तिमाही नतीजे, घरेलू आर्थिक आंकड़े और वैश्विक संकेत बाजार की दिशा तय करेंगे.
साल के आखिरी दिन की यह मजबूती नए साल के लिए सकारात्मक संकेत जरूर देती है, लेकिन बाजार की आगे की चाल पूरी तरह डेटा और ग्लोबल फैक्टर्स पर निर्भर करेगी.