नए साल पर सरिस्का बना सैलानियों की पहली पसंद, बाघों की लगातार साइटिंग से बढ़ा जंगल सफारी का क्रेज…
नए साल के जश्न का रोमांच इस बार शहरों से निकलकर अरावली की वादियों में देखने को मिल रहा है। राजस्थान का प्रसिद्ध सरिस्का बाघ अभ्यारण्य इन दिनों पर्यटकों की पहली पसंद बन चुका है। बाघों की लगातार और नज़दीकी साइटिंग के चलते हर दिन हजारों सैलानी सरिस्का का रुख कर रहे हैं, जिससे अभ्यारण्य और आसपास के इलाके पूरी तरह गुलजार नजर आ रहे हैं।
रोज़ाना दो हजार से ज्यादा सैलानी ले रहे जंगल सफारी का मज़ा
नए साल के मौके पर सरिस्का में पर्यटकों की संख्या रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई है। प्रतिदिन दो हजार से अधिक टूरिस्ट जंगल सफारी का रोमांच लेने यहां पहुंच रहे हैं। सप्ताहांत और छुट्टियों में यह संख्या और भी बढ़ जाती है। जंगल सफारी के प्रति बढ़ते आकर्षण ने सरिस्का को इस सीज़न का हॉट टूरिस्ट डेस्टिनेशन बना दिया है।
होटल-रिसॉर्ट्स हाउसफुल, 3 जनवरी तक पूरी बुकिंग
सरिस्का और इसके आसपास के होटल, रिसॉर्ट्स और होम-स्टे पूरी तरह हाउसफुल हो चुके हैं। पर्यटन से जुड़े कारोबारियों के अनुसार, तीन जनवरी तक की बुकिंग पहले ही पूरी हो चुकी है। कई पर्यटक एडवांस बुकिंग के बावजूद सफारी स्लॉट न मिलने से निराश लौटते नजर आ रहे हैं।
बढ़ती भीड़ को देखते हुए प्रशासन की विशेष तैयारियां
पर्यटकों की भारी भीड़ को संभालने के लिए सरिस्का प्रशासन ने पहले से व्यापक इंतज़ाम किए थे। टिकट काउंटरों की संख्या बढ़ाई गई है ताकि लंबी कतारों से बचा जा सके। इसके अलावा, मौके पर ही पर्याप्त संख्या में कैंटर और जिप्सियों की व्यवस्था की गई है, जिससे हर पर्यटक को बिना किसी परेशानी के सफारी का अनुभव मिल सके।
एक दिन में 1156 पर्यटकों ने किया जंगल सफारी का आनंद
शनिवार को सरिस्का अभ्यारण्य के दोनों गेट्स से कुल 1156 पर्यटक जंगल सफारी के लिए पहुंचे। सरिस्का गेट से दो पारियों में 942 भारतीय और 32 विदेशी पर्यटकों ने प्रवेश किया। वहीं टहला गेट से 265 भारतीय और 17 विदेशी सैलानियों ने जंगल सफारी का लुत्फ उठाया।
बाघों की लगातार साइटिंग बनी सबसे बड़ा आकर्षण
इस सीज़न में सरिस्का की सबसे बड़ी खासियत बाघों की लगातार हो रही साइटिंग है। सदर रेंज में बाघ एसटी-21, एसटी-2304 और बाघिन एसटी-9 की टेरिटरी होने के कारण पर्यटकों को बार-बार बाघों के नज़दीक दर्शन हो रहे हैं। खासतौर पर सबसे ताकतवर बाघ एसटी-2304 और बाघिन एसटी-9 की साइटिंग सैलानियों के लिए रोमांच का केंद्र बनी हुई है।
पांडुपोल और टहला रेंज में भी रोमांच
पांडुपोल मंदिर क्षेत्र में बाघ एसटी-25 और टहला रेंज में एसटी-30 की मौजूदगी ने पर्यटकों का उत्साह और बढ़ा दिया है। लगातार बाघ दर्शन की उम्मीद के चलते सैलानी सरिस्का को बार-बार एक्सप्लोर करना चाहते हैं।
क्या यह सीज़न तोड़ेगा पर्यटन के पुराने रिकॉर्ड?
बाघों की बेहतर मौजूदगी, शानदार जंगल सफारी और नए साल का उत्साह—इन सभी कारणों से माना जा रहा है कि सरिस्का इस पर्यटन सीज़न में नए रिकॉर्ड बना सकता है। फिलहाल, जंगल की शांति और बाघों की दहाड़ के बीच सैलानियों का रोमांच चरम पर है।